Gorakhnath Temple Attack: गोरखनाथ मंदिर हमले को आतंकी हमला कहा जा सकता है, ये है कारण
गोरखनाथ मंदिर के बाहर हुए हमले इसलिए आतंकी हमला कहने से इनकार नहीं किया जा सकता। क्योंकि इस हमले का मोडस ऑप्रेंडी या तरीका ठीक वैसा ही है जैसा आतंकी संगठनों की ओर से होने वाले लोन वुल्फ अटैक में होता है। जिसमें अकेले ही एक हमलावर सामने आता है। जिसका पहले से पता चलना मुश्किल होता है ऐसे हमलों में आतंकी घात लगाकर अचानक हमला बोल देता है और हमले के लिए छोटे हथियार का इस्तेमाल करता है। ताकि तेजी से कई लोगों को नुकसान पहुंचाया जा सके। कई बड़े आतंकी संगठन ऐसे हमले करवा चुके हैं। क्योंकि ऐसे लोन वुल्फ अटैक के लिए किसी बड़ी प्लानिंग की जरूरत नहीं होती और शुरुआत में को भांप नहीं पाता की हमला कौन करने वाला है।




























