एक्सप्लोरर

Jharkhand: झारखंड विधानसभा के विशेष सत्र में सोरेन सरकार का बड़ा फैसला, स्थानीयता और OBC आरक्षण बढ़ाने का विधेयक पास

मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने इन दोनों विधेयकों को ऐतिहासिक बताया है. उन्होंने कहा कि हमने राज्य की जनता से जो वादा किया था वह पूरा कर दिया है. पिछली सरकार ने राज्य में ओबीसी आरक्षण घटा दिया था.

Jharkhand News: झारखंड विधानसभा ने राज्य में थर्ड और फोर्थ ग्रेड की शत प्रतिशत सरकारी नौकरियां स्थानीय लोगों के लिए आरक्षित करने वाली डोमिसाइल पॉलिसी और ओबीसी आरक्षण को 14 से बढ़ाकर 27 फीसदी करने से संबंधित दो महत्वपूर्ण विधेयक शुक्रवार को पारित कर दिया है. राज्य सरकार ने एक दिन के विशेष सत्र में दोनों विधेयकों को ध्वनि मत से पारित कराया. विधानसभा ने इन दोनों विधेयकों को संविधान की नौवीं अनुसूची में शामिल करने का प्रस्ताव भी पारित किया है. यानी इन्हें केंद्र सरकार के पास भेजा जाएगा. केंद्र इन्हें नौवीं अनुसूची में शामिल करा देता है तो ये दोनों विधेयक कानून का रूप ले लेंगे.

सीएम ने कहा
बता दें कि नौवीं अनुसूची में शामिल होने वाले कानूनों को अदालत में चुनौती नहीं दी जा सकती है. मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने इन दोनों विधेयकों को ऐतिहासिक बताया है. उन्होंने कहा कि हमने राज्य की जनता से जो वादा किया था वह पूरा कर दिया है. पिछली सरकार ने राज्य में ओबीसी आरक्षण घटा दिया था. हमने पिछड़ों के हक छीनने की उनकी कोशिश विफल कर दी है. विधानसभा में इन विधेयकों पर चर्चा के दौरान विपक्ष की आपत्तियों का खारिज करते हुए कहा आदिवासी अब बोका (बेवकूफ) नहीं रहा. जिसे आपलोग बोका समझते हैं, वही आपको धो-पोंछकर बाहर फेंक देगा.

एसटी आरक्षण 26 से 28 प्रतिशत
विधानसभा में पारित किए गए 'झारखंड में पदों और सेवाओं की रिक्तियों में आरक्षण संशोधन विधेयक 2022' के कानून का रूप लेने पर पिछड़ा वर्ग (ओबीसी) को मिलने वाले आरक्षण को 14 प्रतिशत से बढ़ाकर 27 प्रतिशत हो जाएगा. इसी तरह अनुसूचित जाति (एससी) को मिलने वाला आरक्षण 10 प्रतिशत से बढ़ाकर 12 प्रतिशत और अनुसूचित जनजाति (एसटी) का आरक्षण 26 से बढ़ाकर 28 प्रतिशत हो जाएगा. इसके अलावा अत्यंत पिछड़ा वर्ग (इडब्ल्यूएस) के लिए 10 प्रतिशत आरक्षण का प्रावधान किया गया है. इस तरह कुल मिलाकर राज्य में अब आरक्षण का प्रतिशत 50 से बढ़कर 77 हो जायेगाय

इनका बनेगा डोमिसाइल
पारित किया गया दूसरा विधेयक झारखंड में स्थानीयता नीति (डोमिसाइल पॉलिसी) से संबंधित है. इसके मुताबिक जिन व्यक्तियों या जिनके पूर्वजों के नाम 1932 या उसके पूर्व राज्य में हुए भूमि सर्वे के कागजात (खतियान) में दर्ज होंगे, उन्हें ही झारखंड राज्य का डोमिसाइल यानी स्थानीय निवासी माना जायेगा. ऐसे लोग जिनके पूर्वज 1932 या उसके पहले से झारखंड में रह रहे हैं लेकिन जमीन न होने के कारण जिनके नाम 1932 के सर्वे कागजात (खतियान) में दर्ज नहीं होंगे. उन्हें ग्राम सभाओं की पहचान के आधार पर डोमिसाइल माना जायेगा. राज्य में आरक्षण का लाभ उन्हें ही मिलेगा जो झारखंड के डोमिसाइल होंगे.

दो बार बुलाया विशेष सत्र
इस विधेयक में यह प्रावधान भी जोड़ा गया है कि राज्य की सभी सरकारी नियुक्तियों में थर्ड और फोर्थ ग्रेड के शत-प्रतिशत पदों पर झारखंड के डोमिसाइल यानी स्थानीय व्यक्तियों की ही नियुक्ति होगी. गौरतलब है कि झारखंड सरकार ने 67 दिनों के अंतराल में दूसरी बार एकदिवसीय विशेष सत्र बुलाया था. इसके पहले बीते पांच सितंबर को आहूत विशेष सत्र में सरकार ने विश्वास मत का प्रस्ताव पारित किया था. झारखंड विधानसभा के पिछले 23 वर्षों के इतिहास में यह पहली बार होगा, जब दो नियमित सत्रों मॉनसून सत्र और शीतकालीन सत्र की अंतराल अवधि में दो बार विशेष सत्र आहूत किए गए.

ये भी पढ़ें-

Bihar Politics: 'BJP के कई विधायक JDU के संपर्क में', मंत्री अशोक चौधरी ने सुशील कुमार मोदी को दिया जवाब

और पढ़ें
Sponsored Links by Taboola

टॉप हेडलाइंस

Giridih News: डीजे विवाद में खूनी संघर्ष, बीच-बचाव करने युवक की हत्या, तीन घायल
गिरिडीह: डीजे विवाद में खूनी संघर्ष, बीच-बचाव करने युवक की हत्या, तीन घायल
JDU विधायक का बड़ा दावा, 'राज्यसभा भेजना नीतीश कुमार को CM पद से हटाने की सुनियोजित साजिश'
JDU विधायक का बड़ा दावा, 'राज्यसभा भेजना नीतीश कुमार को CM पद से हटाने की सुनियोजित साजिश'
Pakur News: होली के दिन खून की होली! युवक की धारदार हथिया से हत्या, पिता लगाते रहे मदद की गुहार
पाकुड़: होली के दिन खून की होली! युवक की धारदार हथिया से हत्या, पिता लगाते रहे मदद की गुहार
Giridih News: होली का जश्न बदला मातम में, गोदावरी नदी में डूबे दो युवक, 4 घंटे की मशक्कत के बाद निकाले शव
गिरिडीह: होली का जश्न बदला मातम में, गोदावरी नदी में डूबे दो युवक, 4 घंटे की मशक्कत के बाद निकाले शव

वीडियोज

UP News: Hathras में भयंकर सड़क हादसा Etah-Aligarh Highway पर स्कॉर्पियो ने बाइक में मारी टक्कर
Chitra Tripathi: बेटे Nishant की लॉन्चिंग के लिए Nitish Kumar ने BJP को सौंपी सत्ता? | JDU | Bihar
Bharat Ki Baat: बिहार में BJP से CM की रेस में कौन आगे, क्या होगा फॉर्मूला? | Nitish Kumar | JDU
Sandeep Chaudhary: बिहार का CM कौन...BJP क्यों है मौन? | Nitish Kumar | Bihar | BJP | JDU
Bihar Politics: दिल्ली में Nitish Kumar..बिहार में BJP? निषाद या महिला कौन होगी मुख्यमंत्री? | JDU

फोटो गैलरी

Petrol Price Today
₹ 94.77 / litre
New Delhi
Diesel Price Today
₹ 87.67 / litre
New Delhi

Source: IOCL

पर्सनल कार्नर

टॉप आर्टिकल्स
टॉप रील्स
ईरान ने सालों तक बनाईं मिसाइल सिटी, अमेरिका और इजरायल का बनीं टारगेट, तेहरान ने अब बदली रणनीति
ईरान ने सालों तक बनाईं मिसाइल सिटी, अमेरिका और इजरायल का बनीं टारगेट, तेहरान ने अब बदली रणनीति
UPSC Result: BJP नेता के बेटे ने किया कमाल, ऑल इंडिया में लाया 3rd रैंक
UPSC रिजल्ट: BJP नेता के बेटे ने किया कमाल, ऑल इंडिया में लाया 3rd रैंक
दुश्मनों के बीच अकेला पड़ा ईरान! रूस और चीन क्यों मदद से पीछे हटे, 4 बड़ी वजहों से जानें पूरा खेल
दुश्मनों के बीच अकेला पड़ा ईरान! रूस और चीन क्यों मदद से पीछे हटे, 4 बड़ी वजहों से जानें पूरा खेल
जान्हवी कपूर 29वें बर्थडे पर पहुंचीं तिरुमाला मंदिर, नंगे पैर चढ़ीं 3500 सीढ़ियां, भगवान का लिया आशीर्वाद
जान्हवी कपूर 29वें बर्थडे पर पहुंचीं तिरुमाला मंदिर, नंगे पैर चढ़ीं 3500 सीढ़ियां, भगवान का लिया आशीर्वाद
IND vs NZ: बारिश में धुला भारत और न्यूजीलैंड का फाइनल, तो कौन बनेगा टी20 वर्ल्ड कप का चैंपियन? जानें ICC का नियम
बारिश में धुला भारत और न्यूजीलैंड का फाइनल, तो कौन बनेगा टी20 वर्ल्ड कप का चैंपियन?
देश में नहीं होगी रसोई गैस की किल्लत, मिडिल ईस्ट में जंग के बीच सरकार ने LPG प्रोडक्शन बढ़ाने का दिया आदेश
देश में नहीं होगी रसोई गैस की किल्लत, जंग के बीच सरकार ने LPG प्रोडक्शन बढ़ाने का दिया आदेश
Vitamin Supplements: सावधान! सप्लीमेंट्स का गलत कॉम्बिनेशन खराब कर सकता है आपकी हेल्थ, जानें एक्सपर्ट की राय
सावधान! सप्लीमेंट्स का गलत कॉम्बिनेशन खराब कर सकता है आपकी हेल्थ, जानें एक्सपर्ट की राय
Islam Conversion India: भारत में हर साल कितने लोग छोड़ देते हैं इस्लाम? आंकड़े जान लेंगे तो नहीं कर पाएंगे यकीन
भारत में हर साल कितने लोग छोड़ देते हैं इस्लाम? आंकड़े जान लेंगे तो नहीं कर पाएंगे यकीन
Embed widget