Korba News: कोरबा में नहीं थम रहा हाथियों का आतंक, कटहल और केले की फसल को किया तहस नहस
Elephant Terror: कोरबा के कटघोरा और कोरबा वनमंडल में बड़ी संख्या में हाथियों का दल विचरण कर रहा है. इन दोनों ही डिविजनों में हाथियों की मौजूदगी ने ग्रामीणों के साथ वन विभाग की भी परेशानी बढ़ा दी है.

Chhattisgarh News: छत्तीसगढ़ के कोरबा (Korba) जिले में हाथियों का आतंक लगातर बढ़ता जा रहा है. दरअसल, यहां हाथी गांव के नजदीक जंगलों में ठहलते हैं और रात में गांव में घुसकर भारी उत्पात मचा रहे हैं. हाथियों के आतंक से ग्रामीणों में दहशत का माहौल है. बता दें कि, हाथियों के झुंड ने गांव की बाड़ी में लगे कटहल और केले की फसल को अपना निवाला बनाया है, जिससे ग्रामीण डरे हुए हैं.
दरअसल, कोरबा वनमंडल के कुदमुरा व पसरखेत रेंज में 11 हाथियों का दल लगातार विचरण कर रहा है. हाथियों का ये बीती रात मदनपुर पहुंच गए और वहां किसानों की बाड़ी में लगे केला और कटहल के पेड़ों को तहस-नहस कर खूब उत्पात मचाया. वहीं 43 हाथियों का एक दल पसरखेत रेंज के फुलसरी पहुंच गया है. हालांकि, हाथियों के इस दल ने यहां कोई बड़ा नुकसान नहीं पहुंचाया है. साथ ही एक हाथी कुदमुरा रेंज के लबेद में है और वह भी अभी वहा शांत है. बता दें कि, इन हाथियों ने कोई बड़ा नुकसान नहीं पहुंचाया है, बड़ी संख्या में हाथियों के क्षेत्र में घुसने से ग्रामीणों में दहशत का माहौल है. ग्रामीणों को डर है कि, कहीं हाथी उनके गांव में पहुंचकर कोई जानहानि न कर दे.
वन विभाग के लिए हाथियों को रोकना बड़ी चुनौती
कोरबा जिले के कटघोरा और कोरबा वनमंडल में बड़ी संख्या में हाथियों का दल विचरण कर रहा है. इन दोनों ही डिविजनों में हाथियों की मौजूदगी ने ग्रामीणों के साथ-साथ वन विभाग की भी परेशानी बढ़ा दी है. जहां ग्रामीण हाथियों के डर से अपने खेती-किसानी संबंधी जरूरी कामकाज नहीं निपटा पा रहे हैं. वहीं वन विभाग के अधिकारी व कर्मचारी निगरानी में व्यस्त रहने के कारण विभागीय कामकाज नहीं कर पा रहे हैं. वन विभाग के अधिकारियों के सामने हाथियों को रिहायशी क्षेत्र में आने से रोकने की बड़ी चुनौती बनी हुई है.






















