छठ पर बिहार जाना महंगा, ट्रेनों में टिकट नहीं; फ्लाइट का किराया 3 गुना
छठ पूजा पर बिहार लौटने वालों की मुश्किल बढ़ गई है. दिल्ली-पटना समेत कई रूट की ट्रेनों में कंफर्म टिकट नहीं है, जबकि फ्लाइट किराया सामान्य से तीन गुना तक बढ़कर 30 हजार रुपये पहुंच गया है.

लोक आस्था का महापर्व छठ इस साल 13 से 16 नवंबर तक मनाया जाएगा. पर्व को लेकर दिल्ली, मुंबई, चेन्नई और बेंगलुरु जैसे बड़े शहरों में रहने वाले बिहार के लोग घर लौटने की तैयारी में हैं. लेकिन यात्रियों के सामने सबसे बड़ी परेशानी टिकट की है. छठ के दौरान बिहार जाने वाली ट्रेनों में कंफर्म टिकट मिलना मुश्किल हो गया है. वहीं, फ्लाइट के किराए में भी भारी उछाल आया है और कुछ रूट पर सामान्य किराये की तुलना में कीमत तीन गुना तक पहुंच गई है.
दिल्ली से पटना आने वाली अधिकांश ट्रेनों में 13 और 14 नवंबर के लिए टिकट उपलब्ध नहीं हैं. कई ट्रेनों में नो रूम की स्थिति है तो कई में लंबी वेटिंग चल रही है. छठ के समय बड़ी संख्या में लोग बिहार लौटते हैं, जिससे रेलवे पर यात्रियों का दबाव बढ़ गया है.
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कोलकाता से पटना भी मुश्किल, पूर्वा में वेटिंग 200 पार
कोलकाता से पटना आने वाली ट्रेनों में भी टिकट को लेकर मारामारी है. दुरंतो एक्सप्रेस में टिकट उपलब्ध नहीं बताया जा रहा, जबकि पूर्वा एक्सप्रेस में वेटिंग करीब 200 तक पहुंच गई है. मुंबई, चेन्नई और बेंगलुरु से बिहार आने वाली ट्रेनों में भी यात्रियों को कंफर्म टिकट के लिए जूझना पड़ रहा है.
दिल्ली-पटना फ्लाइट का किराया 26 हजार तक
फ्लाइट से पटना आने वाले यात्रियों को भी जेब ढीली करनी पड़ेगी. आम दिनों में दिल्ली-पटना का किराया करीब 6 से 8 हजार रुपये रहता है, लेकिन 13 नवंबर को टिकट करीब 13 हजार से 26 हजार रुपये तक पहुंच गया है. कोलकाता-पटना फ्लाइट का किराया करीब 9 से 13 हजार रुपये, बेंगलुरु-पटना का शुरुआती किराया 19,500 रुपये और चेन्नई-पटना का किराया करीब 13 से 30 हजार रुपये तक दिखा रहा है.
डायनेमिक फेयर से बढ़ा किराया
त्योहारी सीजन में अचानक बढ़ी मांग और एविएशन टर्बाइन फ्यूल (ATF) की कीमतों में बढ़ोतरी को किराया बढ़ने की प्रमुख वजह बताया जा रहा है. एयरलाइंस डायनेमिक फेयर के तहत मांग के हिसाब से किराया तय करती हैं. वहीं, केंद्र सरकार द्वारा एयरलाइंस के किराये पर लगी कैप हटाए जाने के बाद कंपनियों को किराया तय करने में पहले की तुलना में ज्यादा स्वतंत्रता मिली है. ऐसे में छठ पर बिहार आने वाले यात्रियों के लिए ट्रेन और हवाई यात्रा दोनों महंगी साबित हो रही हैं.
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