Budget 2026: सरकार ने एनआरआई निवेशकों को दी बड़ी राहत; निवेश की लिमिट हुई दोगुनी, रेजिडेंसी के नियम भी बदले
बजट 2026 में सरकार ने विदेशों में रहने वाले भारतीय निवेशकों को लेकर एक अहम कदम उठाया है. वित्त मंत्री ने शेयर बाजार में प्रवासी निवेश को बढ़ावा देने के लिए नियमों में ढील देने का ऐलान किया हैं...

- विदेशों में रहने वाले भारतीय निवेशकों के लिए नियमों में ढील.
- एनआरआई अब भारतीय इक्विटी में अधिक हिस्सेदारी निवेश कर सकेंगे.
- एनआरआई/ओसीआई कार्डधारकों के लिए शेयर बाजार में सीधे निवेश का मौका.
- अधिक आय वाले एनआरआई अब टैक्स के लिए भारत के निवासी माने जाएंगे.
Budget 2026 NRI Investment Rules: बजट 2026 में सरकार ने विदेशों में रहने वाले भारतीय निवेशकों को लेकर एक अहम कदम उठाया है. वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने शेयर बाजार में प्रवासी निवेश को बढ़ावा देने के लिए नियमों में ढील देने का ऐलान किया है. जिसके तहत अब नॉन-रेजिडेंट (एनआरआई) पहले से ज्यादा हिस्सेदारी के साथ भारतीय इक्विटी में निवेश कर सकेंगे.
इसके तहत किसी एक विदेशी निवेशक के लिए निवेश सीमा को 5 फीसदी से बढ़ाकर 10 फीसदी करने का प्रस्ताव रखा गया है. साथ ही सभी इंडिविजुअल इन्वेस्टर्स के लिए कुल निवेश सीमा 10 प्रतिशत से बढ़ाकर 24 प्रतिशत करने की योजना है. जिससे विदेशी निवेशकों के लिए भारत में निवेश के नए मौके बनेंगे.
एनआरआई निवेश को मिलेगा नया रास्ता
अब तक देश में विदेशी निवेश का दायरा मुख्य रूप से एफडीआई (प्रत्यक्ष विदेशी निवेश) और एफपीआई (विदेशी पोर्टफोलियो निवेश) तक ही सीमित माना जाता था. लेकिन सरकार के इस नए फैसले से एनआरआई के लिए शेयर बाजार में सीधे निवेश का मौका मिलेगा.
इससे एनआरआई भारत की आर्थिक प्रगति में सक्रिय हिस्सेदार बन सकेंगे. साथ ही, ऐसे निवेशकों की भागीदारी से बाजार में लंबे समय के लिए स्थिर पूंजी आने की संभावना भी बढ़ेगी. जिससे अर्थव्यवस्था को मजबूती मिलने की उम्मीद है.
एनआरआई के लिए नए रेजिडेंसी नियम
सरकार ने एनआरआई से जुड़े रेजिडेंसी नियमों में एक महत्वपूर्ण बदलाव करने का फैसला लिया है. अब यदि कोई भारतीय नागरिक सालाना 15 लाख रुपए से अधिक की आय भारत से प्राप्त करता है और किसी वित्त वर्ष में 120 दिन या उससे ज्यादा समय देश में बिताता है. तो उसे टैक्स के लिहाज से भारत का निवासी माना जाएगा.
पहले इसके लिए 182 दिनों की सीमा तय थी. इस नए नियम के बाद ज्यादा कमाई करने वाले कई एनआरआई सीधे भारतीय टैक्स सिस्टम के दायरे में आ गए हैं.
डिस्क्लेमर: (यहां मुहैया जानकारी सिर्फ़ सूचना हेतु दी जा रही है. यहां बताना जरूरी है कि मार्केट में निवेश बाजार जोखिमों के अधीन है. निवेशक के तौर पर पैसा लगाने से पहले हमेशा एक्सपर्ट से सलाह लें. ABPLive.com की तरफ से किसी को भी पैसा लगाने की यहां कभी भी सलाह नहीं दी जाती है.)
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