ओडिशा में कैसे कटा 63.98 लाख का चालान ? जान लीजिये ये ट्रैफिक नियम नहीं तो उठाना पड़ सकता है नुकसान
बहुत से लोग ट्रैफिक चालान से बचने की लिए हेलमेट लगा लेते हैं. ज्यादातर लोगों को ये जानकारी ही नहीं है कि सरकार ने हेलमेट की क्वालिटी की कुछ मानक भी तय किये हैं.

आप किसी भी व्हीकल को चला रहे हों, चाहे वह टू व्हीलर हो या फोर व्हीलर आपको सरकार द्वारा बनाये गए जरुरी मानकों की जानकारी होनी चाहिए, ऐसा न होने पर आपको नुकसान उठाना पड़ सकता है.
63.98 लाख रुपये का जुर्माना:
हालिया रिपोर्ट की अनुसार ओडिशा में परिवहन प्राधिकरण (एसटीए) ने दो सप्ताह (16-30 अगस्त से) का विशेष अभियान चलाया ट्रैफिक नियमों का उल्लंघन करने वालों से 63.98 लाख रुपये का जुर्माना एकत्रित किया गया और बिना हेलमेट दोपहिया वाहन चलाने वाले 12,545 लोगों के लाइसेंस निलंबित किये गए और 888 वाहनों को बिना लाइसेंस वाहन चलाने के कारण जब्त कर लिया गया. नेशनल और स्टेट हाइवे पर हेलमेट न पहनने की वजह से 24,474 ई-चालान जारी किए गए.
ओडिशा परिवहन विभाग:
ओडिशा परिवहन विभाग के मुताबिक राज्य परिवहन के इस विशेष अभियान का प्रमुख उद्देश्य बढ़ रही सड़क दुर्घटनाओं पर लगाम लगाने के लिए लोगों में जागरूकता फैलाना था. ओडिशा परिवहन विभाग के मुताबिक लोग शहरों में हेलमेट का प्रयोग कर रहे हैं लेकिन हाइवे पर जहा सुरक्षा के हिसाब से दुर्घटना की आशंका अधिक होती है वहां ट्रैफिक नियमों का पालन करने में लापरवाही मामले सामने आते रहते हैं और ऐसी ही लापरवाही का नतीजा है कि साल 2021 में सड़क दुर्घटनाओं में 1,308 दोपहिया सवारों को जान गंवानी पड़ी थी, जिसमें अधिकांश लोगों ने हेलमेट नहीं पहना हुआ था और इसी अवधि के दौरान दोपहिया वाहनों की दुर्घटनाओं में लगभग 1,280 लोग गंभीर रूप से और 747 लोग मामूली रूप से घायल हुए थे.
हेलमेट पहनने पर भी चालान:
कभी-कभी ऐसा भी होता है कि वाहन चालकों के हेलमेट पहनने कि बाद भी उनका चालान काट दिया जाता है. यहां आपको बताना जरुरी है कि केवल हेलमेट पहन लेने से ही आप सुरक्षित नहीं हो जाते बल्कि आपको सरकार द्वारा निर्धारित मानक वाला ही हेलमेट पहनना होगा. दरअसल सरकार ने सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए हेलमेट बनाने वाली कंपनियों कि लिए कुछ मानक निर्धारित किये हैं, जिससे ये कंपनियां हेलमेट की मज़बूती का ध्यान रखें और इस बात को सड़क परिवहन और राजमार्ग मंत्रालय द्वारा पारित अधिसूचना में साफ़-साफ़ कहा गया है कि सभी दोपहिया हेलमेट भारतीय मानक ब्यूरो यानि (BIS) प्रमाणित होने चाहिए अगर कोई दोपहिया वाहन चालक बिना बीआईएस (BIS) और आईएसआई (ISI) मार्का हेलमेट पहने वाहन चलाते हुए पकड़ा जाता है तो ट्रैफिक पुलिस द्वारा चालान किया जा सकता है.
इसे भी पढ़ें -
Skoda ने तोड़े अपनी ही बिक्री के रिकॉर्ड, जानें किन खूबियों के कारण लोगों को आ रही पसंद
Hyundai Car 2022: हुंडई की सेल में बम्पर उछाल, जल्द लॉन्च होंगी ये कार
टॉप हेडलाइंस
Source: IOCL























