मान सरकार ने पंजाब में तोड़ी नशा तस्करों की कमर
ड्रग्स के खिलाफ ऑपरेशन में पंजाब पुलिस को कई बड़ी सफलता मिली है. पुलिस के लगातार एक्शन ने नशा तस्करों की कमर तोड़ कर रख दी है.

पंजाब के मुख्यमंत्री भगवंत मान के नेतृत्व में पंजाब सरकार लगातार राज्य में नशे के खिलाफ कार्रवाई कर रही है. पूरे राज्य में पुलिस की सैंकड़ों टीमें एक्शन मोड में नजर आ रही हैं.
नशे के खिलाफ इस अभियान में पुलिस को कामयाबी मिलती भी नजर आ रही है. ड्रग्स के खिलाफ ऑपरेशन में पंजाब पुलिस को कई बड़ी सफलता मिली है. पुलिस के लगातार एक्शन ने नशा तस्करों की कमर तोड़ कर रख दी है. मान सरकार के इस अभियान ने नशा तस्करों में हाहाकार मचा हुआ है.
पंजाब पुलिस को मिल रही कामयाबी
वहीं, 11 मार्च तक पुलिस ने 76 किलो हेरोइन, 50 किलो अफीम और 50 लाख रुपए नगद बरामद किए गए हैं. वहीं नारकोटिक्स ड्रग्स एंड साइकोट्रोपिक सब्सटांसेज एक्ट (एनडीपीएस) के तहत 1072 एफआईआर दर्ज हुए हैं और 1,485 ड्रग्स तस्करों को गिरफ्तार किया गया है.
इसके अलावा करीब 7 लाख नशीली दवाओं की गोलियां, 4.5 किलो नशीली पाउडर, 1.25 किलो नशीली आइस और 950 किलो भुक्की समेत अन्य सिंथेटिक ड्रग्स भी पुलिस ने बरामद किए हैं. वहीं नशा तस्करी से जुड़े करीब 26 लोगों केइमारतों को ध्वस्त किया गया है. इन लोगों ने गैर कानूनी और तस्करी के माध्यम से करोड़ों रुपए की संपत्ति अर्जित की थी.
नशामुक्त पंजाब का संकल्प
पंजाब के मुख्यमंत्री भगवंत मान ने राज्य को नशामुक्त बनाने के लिए तीन महीने की समयसीमा तय की. राज्य सरकार द्वारा नशे की समस्या के खिलाफ नए सिरे से शुरू किए गए अभियान के तहत मादक पदार्थों के सौदागरों के खिलाफ कार्रवाई की जा रही है और कुछ स्थानों पर उनकी संपत्तियों को भी ध्वस्त किया गया है.
नशे के खिलाफ एक्शन लेने के लिए पंजाब सरकार ने 2 सालों में रोडमैप तैयार किया, जिसमें नशा तस्करों के खिलाफ सख्त से सख्त एक्शन लेने के साथ-साथ नशे की दलदल में फंसे नौजवानों को ठीक करने पर भी ध्यान दिया गया है.
डिस्क्लेमर: ये फीचर आर्टिकल है. एबीपी नेटवर्क प्राइवेट लिमिटेड और/या एबीपी लाइव किसी भी तरह से इस लेख की सामग्री और/या इसमें व्यक्त विचारों का समर्थन नहीं करता है. हम किसी भी तरह से इस लेख में कही गई सभी बातों और/या इसमें बताए गए/प्रदर्शित विचारों, राय, घोषणाओं आदि की पुष्टि नहीं करते. एबीपी न्यूज़ इसके लिए जिम्मेदार और/या उत्तरदायी नहीं होगा. दर्शकों को सलाह दी जाती है कि वह अपने विवेक का इस्तेमाल करते हुए फैसला लें.
Source: IOCL



























