UNGA 2017: सुषमा स्वराज ने आठ देशों के विदेश मंत्रियों के साथ बैठक की
सुषमा ने मेक्सिको, नॉर्वे, बेल्जियम, ट्यूनीशिया, बहरीन, लातविया, संयुक्त अरब अमीरात (UAE) और डेनमार्क के विदेश मंत्रियों के साथ बातचीत की.

न्यूयॉर्क: विदेश मंत्री सुषमा स्वराज ने द्विपक्षीय सहयोग और भारत के विकास एजेंडा को आगे बढ़ाने के मकसद से, संयुक्त राष्ट्र महासभा (UNGA) से इतर आठ देशों के अपने समकक्षों के साथ बैठक की. सुषमा ने मेक्सिको, नॉर्वे, बेल्जियम, ट्यूनीशिया, बहरीन, लातविया, संयुक्त अरब अमीरात (UAE) और डेनमार्क के विदेश मंत्रियों के साथ बातचीत की.
विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता रवीश कुमार ने कहा, “बातचीत मुख्य रूप से द्विपक्षीय सहयोग पर केंद्रित थी.” बैठक के दौरान सुषमा ने ट्यूनीशिया के विदेश मंत्री खेमेइस झिनाओई से कहा कि वे 30 और 31 अक्तूबर को नई दिल्ली में दोनों देशों के बीच होने वाली संयुक्त आयोग की अगली बैठक का इंतजार कर रही हैं.
रवीश कुमार ने कहा, “आर्थिक संबंधों को बेहतर बनाने के लिए बहुत सी चर्चाएं की गईं. भविष्य में फार्मा, कपड़ा, बायो टेक्नॉलजी, रिन्यूएबल एनर्जी और इन्फॉर्मेशन टेक्नोलॉजी जैसे क्षेत्रों में सहयोग करने पर चर्चा की गई.’’ कुमार के मुताबिक, सुषमा स्वराज ने यह देखा कि भारतीय फार्मा उत्पादों खासकर टीकों को ट्यूनीशिया में बड़े पैमाने पर निर्यात किया जा सकता है क्योंकि उनकी दवाओं की दरें काफी कम हैं.
डेनमार्क के विदेश मंत्री एंडर्स सैमुअलसन के साथ मुलाकात में अगले संयुक्त आयोग की बैठक की तारीख तय करने पर चर्चा की गई. डेनमार्क नवंबर के पहले हफ्ते में होने जा रहे ‘वर्ल्ड फूड इंडिया एक्स्ट्रावेगेंजा’ में साझेदार देश है. उन्होंने भारत में निवेश के लिए भी डेनमार्क को आमंत्रित किया. सुषमा की लातविया के विदेश मंत्री एडगर्स रिनकेविक्स के साथ बैठक में व्यापार संबंधों के विस्तार पर चर्चा की गई.
कुमार ने कहा, “लातविया के विदेश मंत्री ने घोषणा की है कि उनके प्रधानमंत्री इस साल के अंत में होने वाले विश्व खाद्य सम्मेलन के लिए भारत जाएंगे.” साथ ही उन्होंने बताया कि इन्फॉर्मेशन टेक्नोलॉजी, शिक्षा और संस्कृति जैसे क्षेत्रों में सहयोग बढ़ाने को लेकर दोनों नेताओं ने चर्चा की.
संयुक्त अरब अमीरात (UAE) के विदेश मंत्री अब्दुल्ला बिन जायद अल नहयान के साथ बातचीत में दोनों नेताओं ने यूएई से और अधिक प्रत्यक्ष विदेशी निवेश भारत में लाने के प्रयासों पर चर्चा की. यूएई भारत का रणनीतिक साझेदार है. भारत और यूएई के बीच 52.8 अरब डॉलर का द्विपक्षीय व्यापार होता है.
कुमार ने कहा, “यह देखा गया कि इस समय यह दर, क्षमता से कम है. ऊर्जा क्षेत्र, नागरिक उड्डयन खासकर क्षमता निर्माण और बेहतर कार्यप्रणालियों में सहयोग को लेकर चर्चा की गई.” सुषमा स्वराज ने बहरीन के अपने समकक्ष खालिद बिन अहमद अल खलीफा से भी मुलाकात की. कुमार ने बताया कि दोनों देशों के बीच विदेश मंत्रालय स्तर पर संयुक्त आयोग की पहले से ही एक व्यवस्था मौजूद है और दोनों नेताओं ने चर्चा की कि कैसे यह बैठक जल्द से जल्द हो.
उन्होंने बताया, “कुछ चर्चाएं क्षेत्रीय मुद्दों पर भी हुईं खासकर खाड़ी में हालात पर.” सुषमा ने मेक्सिको, नॉर्वे और बेल्जियम के विदेश मंत्रियों के साथ साझा चिंताओं के मुद्दों पर चर्चा की. मेक्सिको के विदेश मंत्री लुईस विदेगेरी कासो से उनकी मुलाकात के बाद कुमार ने ट्वीट किया, ‘‘ऐतिहासिक रूप से करीबी और गर्मजोशी भरे संबंधों को और आगे ले जा रहे.’’ कुमार ने एक अन्य ट्वीट में लिखा, ‘‘विदेश मंत्री ने बेल्जियम के उप प्रधानमंत्री और विदेश मंत्री डिडायर रेयंडर्स के साथ कामयाब बातचीत की.’’
Source: IOCL



























