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किआ कैरेंस या मारुति सुजुकी एक्सएल 6 कौनसी है बेहतर, जानिए फीचर्स लुक से लेकर इंजन तक सबकुछ

खरीदारों के भ्रम को खत्म करने के लिए ये दोनों प्रीमियम, अच्छी कीमत और बड़ी तीन रो वाली गाड़ी हैं जो ज्यादा महंगी थ्री रो एसयूवी या एमपीवी के लिए एक अच्छा ऑप्शन हैं.

Kia की Carens इसका चौथा लॉन्च रहा है, लेकिन यह इसकी सबसे दिलचस्प लॉन्चिंग भी हो सकती है क्योंकि यह SUV और MPV के बीच का मेल है. किआ इसे 'RV' कहती है, लेकिन इसकी अग्रेसिव कीमत के मामले में कुछ हद तक मुख्य कंपटीटर मारुति XL6 के रूप में देखी जा सकती है. XL6 Ertiga का ज्यादा प्रीमियम वर्जन है, लेकिन इसे Nexa के बिक्री आउटलेट में भी बेचा जा रहा है और साथ ही इसमें कुछ टाइप की SUV जैसी स्टाइल भी है. खरीदारों के भ्रम को खत्म करने के लिए ये दोनों प्रीमियम, अच्छी कीमत और बड़ी तीन रो वाली गाड़ी हैं जो ज्यादा महंगी थ्री रो एसयूवी या एमपीवी के लिए एक अच्छा ऑप्शन पेश करते हैं. यहां हमारा कंपेरिजन है.

किसका लुक बेहतर है
Carens साफ तौर पर बड़ी दिखती है क्योंकि यह XL6 से लंबी और चौड़ी है. डिजाइन भी किसी और चीज के विपरीत है जिसे हमने किआ से अलग हेडलैंप / डीआरएल डिजाइन और ग्रिल के साथ देखा है. करीब से देखने पर ग्रिल, डिटेल या यहां तक ​​कि ओवरऑल क्वालिटी आपका ध्यान खींचती है. 4540 मिमी के साथ Carens इस प्राइस पॉइंट पर सबसे लंबी कारों में से एक है और यह दिखता है. XL6 छोटी है लेकिन Ertiga का एक बेहतर दिखने वाला वर्जन है. फ्रंट-एंड को Ertiga से बदला गया है जबकि क्लैडिंग भी है. हालांकि Carens में 16 इंच के अलॉय व्हील दिए गए हैं जबकि XL6 15 इंच के व्हील हैं, वहीं Carens का ग्राउंड क्लीयरेंस 195mm है जोकि  XL6 के 180 मिमी की तुलना में ज्यादा है.


किआ कैरेंस या मारुति सुजुकी एक्सएल 6 कौनसी है बेहतर, जानिए फीचर्स लुक से लेकर इंजन तक सबकुछ

किसका इंटीरियर अच्छा है
इस तरह की कारों में प्रीमियम इंटीरियर के साथ-साथ बहुत सारी जगह भी होनी चाहिए क्योंकि इन कारों का इस्तेमाल लंबी यात्राओं के लिए किया जाएगा या मालिक दूसरी रो में बैठ सकते हैं. कैरेंस में अपहोल्स्ट्री का ऑप्शन अलग है, लेकिन यह नीले/बेज अपहोल्स्ट्री के साथ एक शानदार लुक भी देता है, जबकि डैशबोर्ड में बाहरी ग्रिल के जैसे पैटर्न वाला ग्लॉस ब्लैक पैनल है. डिजाइन के साथ उपयोग किए जाने वाले मटेरियल वास्तव में हाई क्वालिटी वाली है. XL6 भी अर्टिगा के मुकाबले काफी प्रीमियम है, जिसमें ऑल ब्लैक लुक, फॉक्स वुड फिनिश और अर्टिगा की तुलना में बेहतर क्वालिटी वाली है. Carens हालांकि थोड़ी ज्यादा आलीशान लगती है.


किआ कैरेंस या मारुति सुजुकी एक्सएल 6 कौनसी है बेहतर, जानिए फीचर्स लुक से लेकर इंजन तक सबकुछ

फीचर्स और लक्ज़री साथ-साथ चलते हैं, Carens में एक बड़ी टचस्क्रीन और एक डिजिटल इंस्ट्रूमेंट क्लस्टर है. एसी के लिए टच कंट्रोल, वेंटिलेटेड फ्रंट सीट, 64 कलर एंबियंट लाइटिंग, बोस ऑडियो सिस्टम, सनरूफ, एयर प्यूरीफायर, रियर व्यू कैमरा और दूसरी लाइन की सीट इलेक्ट्रिकली फोल्ड हो जाती हैं. कैरेंस में दूसरी रो या तो एक बेंच सीट या कपहोल्डर/सनशेड/रिट्रैक्टेबल टेबल इत्यादि के साथ कैप्टन सीट हो सकती है. कैरेंस में 6 एयरबैग स्टैंडर्ड हैं जबकि फ्रंट/रियर पार्किंग सेंसर प्लस कनेक्टेड टेक्नोलॉजी के अलावा ज्यादा टेक फीचर्स हैं. केरेन्स में भी तीसरी लाइन में चार्जिंग की सुविधा और एसी वेंट्स मिलते हैं. XL6 में इतने ज्यादा फीचर्स नहीं हैं, लेकिन एक टचस्क्रीन, ऑप्शनल कनेक्टेड कार टेक्नोलॉजी, क्रूज कंट्रोल, पर्सनल कैप्टन सीटें और बहुत कुछ मिलता है.

कौन सी ज्यादा कंफर्टेबल
Carnens और XL6 तीसरी रो में भी पर्याप्त जगह के साथ बड़ी तीन रो वाली कारें हैं. कैरेंस का फायदा यह है कि दूसरी रो में इलेक्ट्रॉनिक वन टच टम्बल फीचर है जो पीछे की सीट के लिए एंट्री को आसान बनाता है. Carens में तीसरी रो में अच्छा लैगरूम दिया गया है जिससे कि लंबे लोगों को भी बैठने में परेशानी नहीं होगी. XL6 की तीसरी रो में एंट्री करना कठिन है लेकिन वहां की जगह भी काफी अच्छी है. आप इन दोनों को थ्री रो कारों की तरह इस्तेमाल कर सकते हैं. कैप्टन सीटों के साथ कैरेंस की दूसरी रो आर्मरेस्ट के साथ ज्यादा एडजस्टेबिलिटी देती है, सीट को आगे खिसका सकते हैं. सीटें अच्छे लेगरूम और हेडरूम के साथ-साथ अच्छा सपोर्ट देती हैं. XL6 की सीटें थोड़ी अलग हैं, लेकिन उस तरह की एडजस्टेबिलिटी नहीं होने पर भी अच्छी जगह देती हैं.


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ड्राइविंग के लिए कौनसी बेहतर है
Carens आपको 1.5 लीटर डीजल से लेकर 1.4 लीटर टर्बो पेट्रोल और 1.5 लीटर पेट्रोल तक तीन इंजन ऑप्शन देती है. हमने टर्बो पेट्रोल और डीजल दोनों का टेस्ट किया, जिसमें डीजल ने अपनी इकोनॉमी, टॉर्क और स्मूथ क्रूज़िंग से प्रभावित किया. टर्बो पेट्रोल ज्यादा मजेदार है, लेकिन डीसीटी ऑटोमेटिक के साथ अच्छी फ्यूल इकॉनोमी देता है. Carens कुल मिलाकर ड्राइव करने में आसान है और कार जैसी है, हालांकि ज्यादा ग्राउंड क्लीयरेंस भी एक बड़ा बोनस है और यह हमारी रोड ट्रिप पर भी मदद करता है. सवारी भी मजेदार है केवल डीजल में थोड़ा शोर हो रहा है, लेकिन यह अपने साइज के बावजूद एक आरामदायक और आसानी से चलने वाली कार है. XL6 को चलाना भी आसान है और इसका 1.5 लीटर पेट्रोल इंजन अच्छा परफोर्म करता है. बेशक इसमें टर्बो पेट्रोल या डीजल के टॉर्क की कमी है लेकिन यह स्मूथ है. XL6 मैनुअल अपने बेहतर माइलेज के कारण एक बेहतर ऑप्शन है लेकिन 4-स्पीड ऑटो होने के बावजूद ऑटोमैटिक अधिक सुविधा प्रदान करता है. Carens डीजल में 6-स्पीड टॉर्क कन्वर्टर ऑटोमेटिक मिलता है जबकि टर्बो पेट्रोल में 7-स्पीड DCT मिलता है. Carens में गियरबॉक्स ज्यादा रिस्पॉन्सिव है जबकि निश्चित रूप से ज्यादा माइलेज देता है जबकि मैनुअल XL6 इसे माइलेज के मामले में पीछे छोड़ देता है.


किआ कैरेंस या मारुति सुजुकी एक्सएल 6 कौनसी है बेहतर, जानिए फीचर्स लुक से लेकर इंजन तक सबकुछ

फैसला
XL6 की कीमत 10.14 लाख रुपये से शुरू होकर 12.02 लाख रुपये तक जाती है. Carens की शुरुआती कीमत 8.99 लाख रुपये से लेकर 16.9 लाख रुपये तक है. कैरेंस के एंट्री लेवल वेरिएंट 1.5 लीटर पेट्रोल के साथ शानदार वैल्यू ऑफर करते हैं, जबकि टॉप-एंड वेरिएंट जैसा कि यहां दिखाया गया है, एक्सएल6 से ज्यादा प्रीमियम है. इस टेस्ट में कैरेंस एक विनर है जो बड़ी है, जो ज्यादा फीचर्स के साथ है और ज्यादा इंजन ऑप्शन और अधिक स्पेस ऑफर करती है. Carens टॉप-एंड अपने प्रीमियम इंटीरियर्स या यहां तक ​​कि इसके एक्सटीरियर/ड्राइविंग या फीचर्स के कारण इसकी कीमत को सही ठहराता है.

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