By: ABP News Bureau | Updated at : 26 Aug 2016 12:30 PM (IST)
नई दिल्ली/वाराणसी: यूपी में इन दिनों हर तरफ बाढ़ का प्रकोप देखने को मिल रहा है. कहीं मां गंगा अपना रौद्र रुप दिखा रही हैं तो कहीं यमुना समेत दूसरी नदियों ने सैकड़ों गांवों को अपने आगोश में लिया है. वाराणसी में भी इन दिनों गंगा और वरुणा का विकराल रुप देखने को मिल रहा है. इसे लेकर जहां कुछ लोग प्रार्थना कर रहे हैं तो वहीं पीएम मोदी समेत तमाम लोग इसे लेकर हर तरह के प्रयास कर रहे हैं.

''बाढ़ से जनता को बहुत कष्ट हो रहा है''
इसी क्रम में शुक्रवार को वाराणसी में पद्मभूषण पंडित छन्नूलाल मिश्रा ने मां गंगा के रौद्र रूप को शांत करने के लिए अपने स्वर के माध्यम से प्रार्थना किया. पंडित छन्नूलाल मिश्रा ने मां गंगा से अनुरोध करते हुए कहा कि बाढ़ से जनता को बहुत कष्ट हो रहा है इसलिए मां गंगा अपने वेग को कम करने की कृपा करें. उन्होंने कहा कि माता कभी अपने बच्चों को दुख नहीं देती है. इसलिए हे मां अब कृपा करके अपने रौद्र रुप को शांत करें.
इस मौके पर मां गंगा के महत्व को बताते हुए पंडित छन्नूलाल मिश्रा ने अपने संगीत के माध्यम से कहा कि "नाम लिए कितने तर जात, प्रणाम किए सुरलोक सिधारे. तीर गए तो तरे तो कहा कितने तरी जात तरंग निहारे. जहान्वी तेरो सुभाव ही है, कभी केशव तो उर में प्रणधारों. भागरथी हम दोष भरे है भरोसे यही की परोश तुम्हारे."
''हे मां अपने बच्चों की रक्षा करें''
केवल इतना ही नहीं इसके साथ ही पंडित छन्नूलाल मिश्रा यह भी कहा कि मां हम आपके पड़ोस में है, और हमें पूरा भरोसा है कि आप हम लोगों के लिए अपना वेग अवश्य कम करेंगी. इस दौरान छन्नूलाल मिश्रा ने हाथ जोड़ते हुए कहा कि मां आप भक्तों की प्रार्थना सुने और देश का कल्याण करें, अपने सभी बच्चों की रक्षा करे. हे माँ गंगे हम आपसे यही प्रार्थना करते हैं.
वाराणसी बाढ़: प्रधानमंत्री ने पार्टी सांसद को काम पर लगाया
वाराणसी में बाढ़ से हो रही तबाही के बीच प्रधानमंत्री ने पीड़ितों को मदद एवं राहत उपलब्ध कराने के लिए पार्टी के एक सांसद को काम पर लगाया है. प्रधानमंत्री के संसदीय क्षेत्र में लाखों लोगों ने राहत शिविरों में शरण ली है लेकिन वहां भोजन और पेयजल की कमी है. बाढ़ से मवेशी सबसे ज्यादा प्रभावित हुए हैं और जिला प्रशासन उनके लिए चारा उपलब्ध कराने की पूरी कोशिश कर रहा है.

नहीं हो पा रहा दाह संस्कार
मंदिरों की नगरी वाराणसी के घाट जलमग्न हो गए हैं और दो जगहों पर दाह संस्कार नहीं हो पा रहा. साथ ही सूखी लकड़ी की कमी के कारण उसकी कीमत बढ़ने से मृतकों की अंत्येष्टि करनी होगी महंगी हो गयी है.
संसदीय क्षेत्र में बाढ़ की स्थिति को लेकर चिंता जता चुके प्रधानमंत्री ने बीजेपी सांसद सी आर पाटिल को पीड़ितों तक पहुंचने और उन्हें जरूरी राहत उपलब्ध कराने का काम सौंपा है.
शहर को अपना बसेरा बनाए हुए पाटिल ने एक दिन में कम से कम 10,000 बाढ़ पीड़ितों तक पहुंचने और उन्हें जरूरी राहत सामग्री उपलब्ध कराने का लक्ष्य बनाया है और वह सुनिश्चित कर रहे हैं कि उन तक खाने के पैकेट समय पर पहुंचे.
हर दिन आ रही हैं करीब 200-300 शिकायतें
पाटिल ने बताया कि शहर के रवींद्रपुरी कॉलोनी स्थित मोदी का संसदीय कार्यालय 24 घंटे खुला है और बाढ़ प्रभावित लोगों के लिए एक हेल्पलाइन नंबर जारी किया गया है जहां हर दिन करीब 200-300 शिकायतें आ रही हैं.
उन्होंने कहा, ‘‘शिकायतकर्ताओं की समस्याओं के हल करने के लिए सभी कोशिशें की जा रही हैं और एनडीआरएफ को प्रभावित जगहों तक पहुंचने के लिए जानकारी दी जा रही है जहां लोगों को उनकी मदद की दरकार है.’’
किराये पर ली हैं 21 अतिरिक्त नौकाएं
पाटिल ने कहा कि जिला प्रशासन के अलावा बीजेपी सदस्य भी बाढ़ पीड़ितों तक पहुंच रहे हैं और उनके लिए हर तरह की मदद सुनिश्चित कर रहे हैं. सांसद ने कहा कि बीजेपी ने बाढ़ प्रभावित इलाकों में नौकाओं की अनुपलब्धता के कारण समस्या का सामना कर रहे बाढ़ पीड़ित लोगों के लिए 21 अतिरिक्त नौकाएं किराये पर ली हैं. उन्होंने कहा कि पीड़ितों में खाने के पैकेट, कंबल, मोमबत्तियां, आलू, चावल और दूसरी चीजें बांटी जा रही हैं.
पाटिल ने कहा कि बाढ़ से अधिकतर बुनकर प्रभावित हुए हैं और उन्हें हर तरह की मदद उपलब्ध कराने के लिए कोशिशें की जा रही हैं. उन्होंने बताया कि ‘राष्ट्रीय बुनकर एक्शन कमिटी’ के सदस्य आज संसदीय कार्यालय आए और राहत सामग्री की मांग की. उनके नेता को खाने के 1,000 पैकेट दिए गए. उनमें कंबल और दूसरी जरूरी चीजें भी आवंटित की जा रही हैं.

सांसद ने कहा कि बीजेपी डॉक्टरों की एक टीम के साथ प्रभवित इलाकों में चिकित्सा शिविर भी लगाएगी. उन्होंने कहा, ‘‘हालांकि जिला प्रशासन लोगों को उनके जलमग्न गांवों से राहत शिविरों में ले जाने के लिए सभी प्रयास कर रहा है, कुछ गांव अब भी सरकारी मदद का इंतजार कर रहे हैं.’’
वाराणसी में बाढ़ की स्थिति पर मोदी ने चिंता जताई प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने बुधवार को पवित्र शहर वाराणसी में गंगा नदी से आई बाढ़ की स्थिति पर गहरी चिंता जताई. उन्होंने कहा कि उनका कार्यालय स्थिति पर नजर रखे हुए है. मोदी ने ट्वीट कर कहा, "वाराणसी में बाढ़ की स्थिति से बेहद चिंतित हूं. पीएमओ स्थिति पर ध्यानपूर्वक नजर रखे हुए है और स्थानीय प्राधिकारियों के संपर्क में है."
मोदी ने कहा कि राष्ट्रीय आपदा प्रतिक्रिया बल (एनडीआरएफ) की टुकड़ी बाढ़ प्रभावित लोगों की सहायता के लिए शहर में है.
उन्होंने कहा, "राहत और बचाव कार्य के लिए एनडीआरएफ की टीमें वाराणसी में उपस्थित हैं. हर तरह की सहायता उपलब्ध कराने के लिए सांसद का कार्यालय वहां रात-दिन काम कर रहा है."
मोदी वाराणसी लोकसभा क्षेत्र से सांसद हैं.
Bareilly News: बरेली में भीषण सड़क हादसा, बोलेरो-टैंकर टक्कर में 5 की मौत, ड्राइवर समेत 3 घायल
बस्ती में 'अतिक्रमण हटाओ अभियान' के तहत JCB से कुचले तरबूज, गरीब दुकानदार की रोजी पर चला बुलडोजर
हापुड़ में स्कूल के प्रिंसिपल पर गंभीर आरोप, रिजल्ट लेने गई छात्रा से छेड़छाड़, केस दर्ज
बारामती में निर्विरोध नहीं होगा विधानसभा उपचुनाव, कांग्रेस ने सुनेत्रा पवार के खिलाफ उतारा उम्मीदवार
बस्ती में अविमुक्तेश्वरानंद से जुड़े कार्यक्रम में विवाद, प्रशांत पांडेय सहित तीन पर FIR
19 छक्के और 14 चौके, RCB ने कर दी चौकों-छक्कों की बारिश, बना डाले 250 रन; हर किसी ने CSK को धोया
TMC ने उर्दू में जारी किया मेनिफेस्टो तो भड़के ओवैसी, कहा- मुसलमानों को लेकर ममता बनर्जी का दोहरा चरित्र
पाकिस्तान में नेटफ्लिक्स पर ट्रेंड कर रहीं 5 इंडियन फिल्में, नंबर 1 पर क्राइम थ्रिलर फिल्म, एक ने 65 दिनों से जमा रखी है धाक
'कोई कितना बड़ा भी गुंडा क्यों न हो...', कूचविहार में PM मोदी की हुंकार, कहा- कट, कमीशन और करप्शन से बंगाल बेहाल