Continues below advertisement
शिवाजी सरकार
शिवाजी सरकार आईआईएमसी प्रोफेसर हैं. वे समाजिक, राजनीतिक के साथ कई अन्य विषयों पर लगातार लिखते रहे हैं.  

टॉप स्टोरीज फ्रॉम शिवाजी सरकार

Opinion: बूथ तक वोटर को कैसे लेना है, इसमें बीजेपी की कामयाबी ही है कांग्रेस की है सबसे बड़ी विफलता
देश में एक साथ चुनाव कराना नहीं है समस्याओं का समाधान, लोकतंत्र के लिए जनता की राय जरूरी
दिल्ली में अरविंद केजरीवाल का जंग का ऐलान, फरवरी तक वोटर शहंशाह
चीनी शेयर, FPI की पसंद, भारतीय बाज़ार में जोखिम, सेंसेक्स में उछाल एक भ्रम
खुदरा विक्रेताओं को खा रहीं ई-कॉमर्स कंपनियां, सरकार रोके इनकी मनमानी, रेगुलेशन है जरूरी
वक्फ बोर्ड में संशोधन जरूरी..लेकिन, सरकार इस कार्य में क्यों दिखा रही जल्दबाजी
स्थिति काबू करने के लिए शेख हसीना चाहती थीं अपने आखिरी हथियार का इस्तेमाल
बजट 2024: जॉब क्रिएशन पर फोकस, लेकिन क्यों घट रहा प्राइवेट इन्वेस्टमेंट, सवालों में ट्रेनिंग प्रोग्राम
पिछले कार्यकाल में ओम बिरला की कई गड़बड़ियों के कारण स्पीकर पद को चुनाव तक ले गया विपक्ष
बदल रही राजनीति, कभी समावेशी हुआ करते थे सरकार-प्रतिपक्ष, अब बढ़ रहे संघर्ष की ओर
एनसीईआरटी किताब में से बाबरी मस्जिद की घटना हटाना या छोटी करना ठीक नहीं, इतिहास का मतलब है जोड़ना
देश को एक नया नेता राहुल में मिला,  नरेन्द्र और नीतीश में लोकसभा में नेता कौन? 
एग्जिट पोल पर क्यों करें सवाल, नहीं होते दो चुनाव में आंकड़े एक समान
उत्तर प्रदेश की मुट्ठी भर सीटें तय कर सकती हैं दिल्ली का बादशाह
चुनौती है बढ़ती महंगाई, बेरोजगारी और अर्थव्यवस्था... नई सरकार को आयकर में करनी होगी कटौती
BJP कश्मीर घाटी में चुनाव से बाहर हालांकि खुशहाली मुल्क से ज्यादा, जीएसडीपी दोगुना, स्वास्थ्य बेहतर
कांग्रेस के घोषणापत्र में पीएसयू व 4-वर्षीय डिग्री पर चुप्पी, फूंक-फूंक कदम रख रही है पार्टी
ईवीएम पर उठ रहे सवाल से लग रहा चुनाव आयोग की साख पर प्रश्नचिह्न, नहीं है वीवीपैट से मिलान में कोई हर्ज
फिल्मों के टिकट ब्लैक से लेकर संसद तक, चोरी व घपले रोकने को चाहिए जोरदार रखवाला
कंगना पर भद्दा पोस्ट राजनीति के गिरते स्तर का प्रमाण, लेकिन सुप्रिया के कदम का भी हो सम्मान
सिर्फ 2 घंटे में अंबाला से दिल्ली पहुंच सकते हैं किसान, फिर क्यों हो रहा इतना बवाल
बीजेपी को चुनावी बॉन्ड से 5500 करोड़ रुपये मिले जबकि कांग्रेस को कुछ सौ करोड़
मतदान वर्ष: ट्रैक्टरों ने यूरोप की सड़कें जाम किया, भारतीय एमएसपी लागत सिर्फ 2.5 लाख करोड़
प्रधान मंत्री का कांग्रेस पर प्रहार, 11 प्रदेशों में सीधी टक्कर
Sponsored Links by Taboola