भारत में किसानों के कर्ज की बड़ी वजह बन रही है शादियां?

एक कृषि परिवार पर औसतन कर्ज करीब 74,121 रुपये है
Source : ABPLIVE AI
भारत में शादियों को लेकर एक परंपरा रही है- धूमधाम से शादी करना, चाहे इसके लिए कितना भी कर्ज लेना पड़े या कितना भी खर्च करना पड़े. यह परंपरा कई परिवारों पर कर्ज का बढ़ा देती है.
शादी विवाह हर परिवार के लिए खुशी का मौका होता है, पर कभी-कभी ये बोझ बन जाता है. समाज में शादी को लेकर एक रीति-रिवाज है जिसके अनुसार शादी में दावत, महंगे कपड़े और गहने का होना जरूरी माना जाता है.









