पटना: राजधानी दिल्ली समेत देश के कई शहरों में इन दिनों हवा सांस लेने लायक भी नहीं है. बिहार की राजधानी पटना ने तो दिल्ली और सूरत को भी पीछे छोड़ दिया है. गुरुवार की सुबह छह बजे के एयर क्वालिटी इंडेक्स (AQI) देखने पर पता चला कि बिहार के 38 जिलों में से 21 जिले जहरीली हवा का प्रकोप झेल रहे हैं बेतिया और पूर्णिया ज्यादा खतरनाक जोन में है. इन दोनों जिलों का प्रदूषण 421 एक्यूआई रिकॉर्ड गया है.


इसके अलावा दरभंगा में 399, मोतिहारी में 395, बेगूसराय में 387, सीवान में 386, कटिहार में 371, बक्सर में 364, सहरसा में 342, छपरा में 311 और समस्तीपुर में 302 एक्यूआई रिकॉर्ड किया गया है जो बहुत ज्यादा खराब स्थिति वाले जोन में हैं.  200 से 300 के बीच एक्यूआई को भी खराब स्थिति में माना गया है. इसमें बिहार के दस शहर हैं. अररिया में 299 और मुजफ्फरपुर में 294 एक्यूआई रिकॉर्ड किया गया है.


पटना, दिल्ली और सूरत का हाल जानें


पटना का प्रदूषण 284 एक्यूआई रहा. यह पूरे बिहार के प्रदूषित 21 जिलों में 14वें स्थान पर है. इसके नीचे सात अन्य जिले हैं. बात देश की करें तो ज्यादा प्रदूषित शहर माने जाने वाली नई दिल्ली में आज सुबह 6:00 के रिकॉर्ड के अनुसार 219 एक्यूआई मापा गया जो पटना से बहुत कम है. गुजरात का सूरत शहर जो औद्योगिक क्षेत्र के मामले में प्रसिद्ध है वहां का प्रदूषण 262 एक्यूआई रहा. हालांकि वहां की स्थिति भी खराब है लेकिन पटना से कम है.


मुंबई के आसपास के शहरों में 158 एक्यूआई से लेकर अधिकतम 216 एक्यूआई है. नवी मुंबई में 216 एक्यूआई दर्ज किया गया है. इस रिकॉर्ड से माना जा सकता है कि पूरे देश में बिहार जहरीली हवा से किस तरह घिरा हुआ है. इसमें लोग जीने को विवश हैं. सांस के मरीजों को ज्यादा मुश्किल है.


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