राजस्थान CID इंटेलिजेंस ने पाकिस्तान से जुड़े कथित जासूसी नेटवर्क की फंडिंग को लेकर महाराष्ट्र के औरंगाबाद से एक व्यक्ति को गिरफ्तार किया है. आरोपी की पहचान रफीक चांद शेख के रूप में हुई है.

Continues below advertisement

CID इंटेलिजेंस की जांच में सामने आया कि औरंगाबाद निवासी रफीक चांद शेख सोशल मीडिया के माध्यम से पाकिस्तान से जुड़े संदिग्ध हैंडलर्स के संपर्क में आया था. उसने अपने और अन्य लोगों के नाम पर बैंक खाते खुलवाए और इन खातों के जरिए संदिग्ध गतिविधियों में शामिल लोगों तक फंडिंग पहुंचाई.

Ajmer News: जेल में कुख्यात डकैत छगन गुर्जर की हत्या से मचा हड़कंप, विपक्ष हमलावर, सरकार ने क्या कहा?

Continues below advertisement

चार साल से सक्रिय था आरोपी

जांच एजेंसियों के अनुसार रफीक चांद शेख पिछले चार साल से इस नेटवर्क से जुड़ा हुआ था. वह औरंगाबाद में मुर्गी फार्म चलाकर अपनी गतिविधियों को छुपा रहा था.

जैसलमेर और असम मामले से जुड़ा

जनवरी 2026 में CID ने जैसलमेर के झबरा राम और असम के डिब्रूगढ़ एयरफोर्स स्टेशन पर तैनात सुमित कुमार को गिरफ्तार किया था. दोनों पर संवेदनशील सूचनाएं लीक करने के आरोप थे. इन्हीं मामलों की जांच के दौरान रफीक चांद शेख का नाम सामने आया.

कोर्ट से मिली रिमांड

आरोपी को कोर्ट में पेश करने के बाद छह दिन की पुलिस रिमांड पर लिया गया है. जांच टीम अब औरंगाबाद पहुंचकर बैंक खातों, लेन-देन और जुड़े लोगों की गहन जांच कर रही है. एजेंसियों को आशंका है कि नेटवर्क से जुड़े और नाम भी सामने आ सकते हैं.

CID इंटेलिजेंस की फाइनेंशियल ट्रेल

CID इंटेलिजेंस पूरे मामले की फाइनेंशियल ट्रेल खंगाल रही है. आरोपी से लगातार पूछताछ की जा रही है. यह गिरफ्तारी राष्ट्रीय सुरक्षा के लिहाज से महत्वपूर्ण मानी जा रही है. राजस्थान CID इंटेलिजेंस के इस अभियान से सीमा पार जासूसी नेटवर्क की फंडिंग चेन पर बड़ा झटका लगा है. जांच जारी है और आगे और खुलासे होने की संभावना है.

Dungarpur News: महिला क्रिकेटर से हैरेसमेंट मामले में बड़ा एक्शन, SP ने दो पुलिसकर्मी को किया सस्पेंड