मुंबई महानगरपालिका चुनाव को लेकर सियासी माहौल तेज हो गया है और सभी प्रमुख दल लगातार रैलियों व बयानों के जरिए मैदान में हैं. इसी क्रम में मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने घाटकोपर के अमृत नगर में आयोजित जनसभा के दौरान शिवसेना प्रमुख उद्धव ठाकरे पर सीधा और तीखा हमला बोला. यह बयान 10 जनवरी को मुंबई में दिया गया, जहां फडणवीस ने इंटरव्यू और सभाओं के जरिए चल रही राजनीति पर सवाल उठाए.
मुख्यमंत्री ने अपने भाषण में कहा कि मुंबई महानगरपालिका चुनाव के मद्देनजर एक तरफ उद्धव ठाकरे और राज ठाकरे लगातार मीडिया इंटरव्यू दे रहे हैं, जबकि दूसरी तरफ सरकार पर आरोप लगाए जा रहे हैं. देवेंद्र फडणवीस ने इन आरोपों का जवाब देते हुए कहा कि कुछ नेताओं की राजनीति अब स्पष्ट नहीं रही है. उनके मुताबिक, मुंबई जैसे बड़े महानगर की जनता को भ्रमित करने की कोशिश की जा रही है.
मुंबई आकर मुंबई की बात नहीं करते हैं- देवेंद्र फडणवीस
देवेंद्र फडणवीस ने उद्धव ठाकरे पर निशाना साधते हुए कहा कि हाल ही में दो भाई नासिक गए थे और वहां मुंबई की बात कर रहे थे. उन्होंने सवाल उठाया कि जब ये नेता नासिक में होते हैं तो मुंबई की चर्चा करते हैं, लेकिन मुंबई आकर न तो मुंबई की बात करते हैं और न ही यहां जनसभा करते हैं. मुख्यमंत्री ने इसे राजनीतिक विरोधाभास बताते हुए जनता के सामने रखने की बात कही.
‘हिंदू’ शब्द बोलने में शर्म आती है उन्हें- देवेंद्र फडणवीस
मुख्यमंत्री ने आगे कहा कि नासिक की सभा की शुरुआत ‘मेरे प्यारे हिंदू भाइयों और बहनों’ से की गई, लेकिन मुंबई की सभा में ‘हिंदू’ शब्द गायब रहा. वहां संबोधन ‘मेरे प्यारे देशभक्त नागरिकों’ कहकर किया गया. फडणवीस ने सवाल उठाया कि क्या मुंबई में ‘हिंदू’ शब्द बोलने में शर्म आती है या फिर किसी खास वर्ग के वोट बैंक के लिए इससे बचा जा रहा है. उन्होंने इसे वोट बैंक की राजनीति से जोड़कर देखा.