आगामी श्री अमरनाथ जी यात्रा 2026 को सुरक्षित और सुविधाजनक बनाने के लिए जम्मू-कश्मीर पुलिस ने एक बड़ा कदम उठाया है. प्रशासन ने यात्रा मार्गों पर काम करने वाले सेवा प्रदाताओं (सर्विस प्रोवाइडर्स) के रजिस्ट्रेशन और सत्यापन के लिए एक नया QR कोड-आधारित डिजिटल प्लेटफ़ॉर्म 'पहचान ऐप' (Pehchaan App) लॉन्च किया है. इस पहल का मुख्य उद्देश्य पवित्र गुफा के दर्शन के लिए आने वाले तीर्थयात्रियों की सुरक्षा सुनिश्चित करना और आपातकालीन स्थितियों में यात्रा प्रबंधन को और अधिक प्रभावी बनाना है.

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क्या है 'पहचान ऐप' और यह कैसे काम करता है?

'पहचान ऐप' एक आधुनिक तकनीकी पहल है जो सोनमर्ग और पहलगाम दोनों प्रमुख मार्गों पर काम करने वाले टूर गाइड, टट्टू-वालों और अन्य सेवा प्रदाताओं को एक यूनिक QR-आधारित पहचान प्रदान करती है. कोई भी पर्यटक, तीर्थयात्री या सुरक्षाकर्मी इस QR कार्ड को स्कैन करके संबंधित व्यक्ति की पूरी प्रामाणिक जानकारी और उनकी सेवाओं की निर्धारित दरें (rates) तुरंत स्क्रीन पर देख सकता है. अधिकारियों ने स्पष्ट किया है कि यह विशेष QR कार्ड जम्मू-कश्मीर पुलिस द्वारा आधार कार्ड और टूरिस्ट गाइड/ऑपरेटर लाइसेंस की गहन जांच और सत्यापन के बाद ही जारी किया जाता है.

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इन प्रमुख क्षेत्रों में लागू होगी नई व्यवस्था

यह निगरानी और पहचान प्रणाली यात्रा से जुड़े सभी महत्वपूर्ण पड़ावों पर लागू की गई है. इनमें शामिल हैं, थाजवास ग्लेशियर, ज़ीरो पॉइंट ज़ोजिला, मेन बाउल सोनमर्ग, बालटाल रूट और यात्रा ट्रेक. पहलगाम, चंदनवाड़ी, बेताब वैली और नुनवान बेस कैंप.

आतंकी घटनाओं से सबक और सुरक्षा पर विशेष जोर

इस ऐप की शुरुआत पर्यटकों और यात्रियों की सुरक्षा के प्रति पुलिस की सख्ती को दर्शाती है. गौरतलब है कि अप्रैल 2025 में पहलगाम में हुए एक आतंकी हमले के दौरान आतंकवादी स्थानीय टट्टू-वालों की भीड़ में छिप गए थे. नई QR प्रणाली ऐसे अनधिकृत या असामाजिक तत्वों को यात्रा के इकोसिस्टम में घुसपैठ करने और उसका गलत इस्तेमाल करने से रोकेगी.

इस पहल का स्थानीय स्तर पर भी स्वागत हो रहा है. सोनमर्ग के एक टूर गाइड फिरदौस अहमद ने बताया कि इस कार्ड से पर्यटकों को सही जानकारी मिलेगी. वहीं, एक स्थानीय घोड़े के मालिक ने प्रशासन के इस कदम की सराहना करते हुए कहा, "यह यात्रा के मौसम में सेवा प्रदाताओं का एक वेरिफ़ाइड डेटाबेस बनाए रखकर एक सुरक्षित और जवाबदेह माहौल बनाने की दिशा में अहम कदम है."

बहुस्तरीय सुरक्षा और सुविधाओं का विस्तार

अमरनाथ यात्रा के लिए सुरक्षा व्यवस्था की कई स्तरों पर समीक्षा चल रही है. प्रशासन का ध्यान केवल आधुनिक तकनीक के इस्तेमाल पर ही नहीं, बल्कि निगरानी, इमरजेंसी रिस्पॉन्स सिस्टम, आपदा प्रबंधन और रास्ते की सुरक्षा पर भी है. इसके अलावा, तीर्थयात्रियों के लिए आवास, ट्रांसपोर्ट, चिकित्सा सेवाओं, साफ़-सफ़ाई और संचार ढांचे को बेहतर बनाने के लिए विभिन्न विभाग आपस में तालमेल बिठाकर काम कर रहे हैं.

'पहचान ऐप' न केवल यात्रा के दौरान सुरक्षा तंत्र को मजबूत करेगा, बल्कि असली सेवा प्रदाताओं को एक डिजिटल पहचान देकर स्थानीय व्यापार में पारदर्शिता और श्रद्धालुओं का विश्वास भी बढ़ाएगा.

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