स्मार्ट टीवी अपडेट करते वक्त ये एक गलती पड़ सकती है बहुत भारी, जानें सही तरीका नहीं तो नया TV खरीदना पड़ेगा
टीवी में अपडेट इसलिए दिए जाते हैं ताकि उसमें मौजूद बग्स, सिक्योरिटी खामियां और पुराने हो चुके फीचर्स को बेहतर बनाया जा सके. अगर आपके टीवी में साउंड, पिक्चर या प्राइवेसी से जुड़ी कोई समस्या हो तो कंपनी इन्हें अपडेट के जरिए ठीक करती है. साथ ही, समय के साथ हैकर्स एंड्रॉयड सिस्टम की कमजोरियों को निशाना बनाते हैं, इसलिए सुरक्षा अपडेट भी बेहद जरूरी हो जाते हैं. इन सब कारणों से टीवी को समय-समय पर अपडेट करना अनिवार्य माना जाता है.
स्मार्ट टीवी को अपडेट करते समय सबसे अहम चीज है एक स्थिर इंटरनेट कनेक्शन. अगर अपडेट के दौरान इंटरनेट टूट गया तो अपडेट बीच में रुक सकता है और टीवी का पूरा OS करप्ट हो सकता है. कई मामलों में इससे मदरबोर्ड तक खराब हो जाता है. इसलिए कोशिश करें कि अपडेट के समय टीवी को LAN केबल से जोड़ें ताकि कनेक्शन स्थिर रहे.
अगर आपके क्षेत्र में बिजली जाने की समस्या रहती है तो टीवी को ऐसे सॉकेट में चलाएं जो इन्वर्टर से जुड़ा हो. अपडेट बीच में रुकने पर टीवी का सॉफ़्टवेयर खराब होना लगभग तय है. इसलिए इसे अपडेट के दौरान बंद होने से बचाना बेहद जरूरी है.
कई लोग इंटरनेट से फर्मवेयर डाउनलोड कर टीवी में नए फीचर जोड़ने की कोशिश करते हैं. यह तरीका बेहद जोखिम भरा है क्योंकि गलत फाइल या गलत मॉडल की फर्मवेयर टीवी को पूरी तरह खराब कर सकती है. इसलिए हमेशा केवल OTA अपडेट ही इस्तेमाल करें जो टीवी कंपनी खुद उपलब्ध कराती है. सेटिंग्स में जाकर Software Update में चेक किया जा सकता है कि नया OTA अपडेट मौजूद है या नहीं.
अपडेट फाइल टीवी की स्टोरेज में सेव होती है, इसलिए टीवी में पर्याप्त जगह होना जरूरी है. बड़े अपडेट से पहले गैर-ज़रूरी ऐप्स डिलीट कर दें. चूंकि ज्यादातर स्मार्ट टीवी में केवल 1GB रैम होती है, इसलिए अपडेट शुरू करने से पहले बैकग्राउंड में चल रहे सभी ऐप्स बंद कर दें ताकि सॉफ्टवेयर इंस्टॉलेशन बाधित न हो.
नया अपडेट इंस्टॉल होने के बाद टीवी को पूरी तरह बंद करके कुछ मिनट रुकें और फिर चालू करें. अगर अपडेट के बाद कोई दिक्कत आए तो टीवी को फैक्ट्री रीसेट करके इस्तेमाल करें. इससे सॉफ्टवेयर अपनी नई सेटिंग्स के साथ स्थिर रूप से काम करने लगता है.