हमारे देश में दूध को जहां बचपन से बच्चे को पिलाया जाता है और कई लोग हर रोज दूध पीते हैं वहीं एक देश ऐसा भी है जहां के लोग दूध पीना बुुरा मानते हैं. इस देश के लोग दुनियाभर में बड़े से बड़ा और अजीब जानवर खाने के लिए मशहूर है वहीं दूध जैसी चीज यहां के लोग नहीं पचा पातेे. हम किसी और की नहीं बल्कि हमारे पड़ोसी देश चीन की बात कर रहे हैं.


सांप-चमकादड़ का मांस पचाने वाले नहीं पचा पाते दूध
जहां चाइनीज लोग अजीब खानपान के लिए जाने जाते हैं. वहीं आपको जानकर हैरानी होगी कि वहां के लोगों के लिए दूध पचा पाना बहुत मुश्किल होता है. दूध न पचा पाने के चलते ही वहां के लोगों ने ये मान लिया कि दूूध बुरा होता है. दरअसल रिसर्च में भी ये खुलासा हो चुका है कि चीन की आधी से ज्यादा आबादी लेक्टोज इनटॉलरेंट है. यानी यहां के आधे से ज्यादा लोग बचपन से ही दूध पचाने संबंधी समस्याओं का सामना करते हैं. सांप-चमगादड़ जैसे एग्जॉटिक मांस पचा जाने वाले लोगों में ये समस्या लोगों को हैरान करती है. 


दूध पचा पाना क्यों होता है मुश्किल?
दूध या इससे बनी चीजें खाने पर अपच को लेक्टोस इनटॉलरेंस कहा जाता है. यानी जो लोग दूध नहीं पचा पाते असल में वो इसमें पाए जाने वाले लेक्टोज को नहीं पचा पाते हैं. जो दूध में पाई जाने वाली शक्कर है. जो दूध से बनी चीजों घी, बटर और पनीर में में भी होती है. इस अपच का कारण उनकी छोटी आंत होती है. जो लेक्टोज को पचाने के लिए जरूरी एंजाइम नहीं बना पाती है. ये समस्या ज्यादातर चीन के लोगों में होती है. जिन्हें दूध पचा पाने में समस्या होती है. द वीक में छपी एक रिपोर्ट की मानें तो चीन के 90 प्रतिशत लोगों में ये समस्या होती है.         


यह भी पढ़ें: क्या होता है वीआईपी कैदियों के लिए जेल के नियम, क्या उन्हें मिलती हैं अलग से सुविधाएं