नई दिल्ली: संजय लीला भंसाली की फिल्म पद्मावती को लेकर शुरू हुआ विवाद खत्म होने का नाम नहीं ले रहा है. फिल्म का विरोध कर रही राजपूत करणी सेना ने फिल्म की अभिनेत्री दीपिका पादुकोण को नाक काटने की धमकी दी है.

करणी सेना के नेता लोकेंद्र नाथ ने कहा, ''राम सीते के साथ लक्षमण वनवास गए थे, उन्होंने यह कहा नहीं था लेकिन जब जरूरत पड़ी तो तो उन्होंने शूर्पनखा की नाक काट दी थी. इसी तरह अगर रावण को समझ ना आए तो शूर्पनखा की नाक काट देने की हैसियत आज भी लक्षमण की है."

लोकेंद्र नाथ ने आगे कहा, "दीपिका बेटी की तरह है लेकिन अब किसी को समझाया नहीं जायेगा. सरकार को इस पर रोक लगा देनी चाहिए. अहिंसा जरूरी है लेकिन अब हिंसा मजबूरी है. उत्तर प्रदेश सरकार ने आज केंद्र को चिट्ठी लिख कर बताया है कि कानून व्यवस्था बिगड़ सकती है. हम भी यही कहना चाहते हैं कि कानून व्यवस्था बिगड़ सकती है.''

करणी सेना के एक और नेता महिपाल मकराना ने कहा, ''फिल्म की अभिनेत्री ने कहा है कि फिल्म चल कर रहेगी. हम कहना चाहते हैं कि राजपूतों की भावनाओं को भड़काने का काम ना करें. राजपूत महिलाओं पर हाथ नहीं उठाते लेकिन शूर्पनखा की तरह नाक काटना नहीं भूले हैं."

सेंसर बोर्ड के पास भेजी गयी फिल्म इस बीच सूत्रों के हवाले से खबर है कि फिल्म को सेंसर बोर्ड के पास भेजा गया है. फिल्म को अभी तक सेंसर बोर्ड से सर्टिफिकेट नहीं मिला है. लेकिन जानकारी की मानें तो अभी भी फिल्म को एक दिसंबर को ही रिलीज़ किया जाएगा.

फिल्म को लेकर योगी सरकार ने लिखी चिट्ठी पद्मावती फ़िल्म से यूपी में हालात ख़राब हो सकते हैं, यूपी सरकार ने यही बात केन्द्र सरकार को बताई है. यूपी के प्रमुख गृह सचिव ने इस बारे में सूचना प्रसारण मंत्रालय के सचिव को चिट्ठी लिखी है. यहां की इंटेलिजेंस पुलिस यानी ख़ुफ़िया विभाग ने बताया है कि अगर एक दिसंबर को पद्मावती रिलीज़ हुई तो हंगामा, तोड़फोड़ और खूनखराबा हो सकता है. ख़ुद सीएम योगी आदित्यनाथ ने भी चिंता जताई है.