Shani Dev: शनि देव का नाम सुनकर सभी लोग भयभीत हो जाते हैं क्योंकि ये दंड देने वाले देवता कहे जाते हैं. शनि देव सभी को उनके कर्मों के अनुसार फल प्रदान करते हैं. ज्योतिष में शनि देव को क्रूर ग्रह कहा गया है. इनका स्वभाव सत्य और न्याय का पालन करने वाला है. शनिदेव जहां कहीं भी गलत होते देखते हैं तो उसे गंभीर दंड प्रदान करते हैं. इन्हें कर्म फलदाता भी कहते हैं.
इनराशियोंपरहैशनिकीसाढ़ेसातीऔरढैय्या
इस समय शनि मकर राशि में वक्री हैं. इनके मकर राशि में होने से धनु राशि, मकर राशि, कुंभ राशि पर शनि की साढ़ेसाती और मिथुन राशि, तुला राशि पर ढैय्या का प्रकोप चल रहा है. ऐसे में इन सभी राशि के जातकों को शनि का प्रकोप झेलना पड़ सकता है. इस लिए शनि देव के प्रकोप से बचने के लिए शनिवार के दिन ये शनि के उपाय जरूर करने चाहिए. इससे शनि देव प्रसन्न होते हैं.
शनिदेवकोप्रसन्नकरनेकेउपाय
- जो जातक सप्त धान्य से शनि देव की पूजा आराधना करता है. उस पर शनि देव की कुदृष्टि का असर नहीं होता. इस लिए शनिवार के दिन शनिदेव की सप्त धान्य से पूजा करनी चाहिए.
- जो लोग दूसरों की भलाई करते हैं, उनकी उन्नति में सहायक बनते हैं तो ऐसे लोगों पर शनि देव प्रसन्न होते हैं और उन्हें अप्रत्याशित फल प्रदान करते हैं. ऐसे लोग जीवन में उच्च पद पाते हैं.
- शनि देव को प्रसन्न करने के लिए काली गाय, उड़द की दाल, तेल व तिलका दान करना चाहिए. मान्यता है कि ऐसा करने से शनि देव शांत होते हैं.
- कहा जाता है कि शनिवार के दिन हनुमान चालीसा का पाठ करने से जातकों पर कभी भी शनि देव की खराब दृष्टि नहीं पड़ती. इसलिए शनि की साढ़े साती और ढैय्या के प्रकोप से पीड़ित जातक को हर शनिवार के दिन सुबह व शाम हनुमान चालीसा का पाठ जरूर करना चाहिए.
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