Gyanvapi Case : ज्ञानवापी मस्जिद के ऊपर ओवैसी ने 1991 का कानून याद दिलाया
ABP News Bureau | 21 May 2022 08:25 AM (IST)

असदुद्दीन ओवैसी ने आगे कहा कि ये दुर्भाग्यपूर्ण है कि स्थानीय डीएम याचिकाकर्ताओं के साथ सहयोग कर रहे हैं. अगर सुप्रीम कोर्ट ने कहा है कि धार्मिक अनुष्ठान की अनुमति दें, तो इसमें तालाब से वजू शामिल है. जब तक वजू न करे तब तक नमाज नहीं पढ़ी जा सकती. फव्वारा संरक्षित किया जा सकता है. लेकिन तालाब खुला होना चाहिए. ओवैसी ने आगे कहा कि भविष्य के विवादों को रोकने के लिए पूजा स्थल अधिनियम 1991 बनाया गया था. सुप्रीम कोर्ट ने राम मंदिर पर सुनवाई के दौरान कहा कि यह कानून संविधान के बुनियादी ढांचे का हिस्सा है. कोर्ट को बात करनी चाहिए. 1991 एक्ट को लागू किया जाना चाहिए