Adhir Ranjan Chowdhury का माफीनामा सिर्फ खानापूर्ति है ? | India Chahta Hai
ABP News Bureau | 28 Jul 2022 09:16 PM (IST)

वैसे कुछ भी बोल देना अधीर रंजन की आदत है। बीजेपी का विरोध करते करते वो देश का विरोध करने लगते हैं। एक बार कश्मीर पर कह दिया कि कश्मीर भौगोलिक रूप से भले भारत के साथ है लेकिन भावनात्मक रूप में साथ नहीं है। अधीर रंजन चौधरी देश का छोड़िए, अपनी पार्टी कांग्रेस का, कांग्रेस के नेताओं का भी इतिहास नहीं पढ़े थे। जिस कश्मीर से नेहरू का सीधा नाता था, उसका भारत से भावनात्मक नाता कैसे नहीं हुआ। जिस कश्मीर के लोगों ने आजादी के वक्त हिंदुस्तान के साथ रहना पसंद किया था, उनका हिंदुस्तान से नाता कैसे नहीं हुआ। लेकिन अधीर तो अधीर हैं।