बड़ी बहस: 'एक देश, एक मशाल' पर विपक्ष क्यों 'लाल' ? | Amar Jawan Jyoti | National War Memorial | हूंकार | 21.01.2022

अमर जवान ज्योति से जुड़ी याद शायद हर दिल्ली वाले की होगी...जो लोग देश के अलग-अलग हिस्सों से दिल्ली घूमने आते हैं, उनकी भी यादें अमर जवान ज्योति के साथ जुड़ी होंगी...लेकिन अब ये ज्योति इंडिया गेट की जगह उसके पास में बने नेशनल वॉर मेमोरियल में जलेगी...सरकार ने 1947 से लेकर अब तक शहीद क़रीब 25 हज़ार सैनिकों का सम्मान करने के लिए अमर जवान ज्योति को नेशनल वॉर मेमोरियल की लौ में विलीन करने का फ़ैसला लिया. अब से कुछ देर पहले अमर जवान ज्योति नेशनल वॉर मेमोरियल में पहुंच गई...लेकिन अमर जवान ज्योति की जगह में इस बदलाव पर राजनीतिक जंग छिड़ गई है...सरकार पर तमाम तरह के आरोप लगाए जा रहे हैं...शहीद सैनिकों के अपमान से लेकर इतिहास मिटाने की कोशिश तक के आरोप...लेकिन क्या महज़ कुछ दूरी पर अमर जवान ज्योति की लौ जलाना वाकई सैनिकों का अपमान है...क्या ब्रिटिश हूकूमत की ओर से बनाए गए इंडिया गेट से हटकर नेशनल वॉर मेमोरियल में शहीदों के लिए मशाल जलाना इतिहास मिटाने की कोशिश है?