Bengaluru Technician Viral Post: ऑफिस में किस कलीग की मीटिंग सबसे ज्यादा स्ट्रेस देती है, यह सवाल अक्सर पूछा जाता है. बेंगलुरु के एक सॉफ्टवेयर इंजीनियर ने इसका जवाब ढूंढने के लिए ऐसा जुगाड़ लगाया कि अब उसका पोस्ट सोशल मीडिया पर वायरल हो गया. इंजीनियर ने अपने फिटनेस बैंड के हार्ट रेट डेटा को ऑफिस कैलेंडर से जोड़कर पता लगाने की कोशिश की कि किन लोगों के साथ होने वाली मीटिंग्स के दौरान उसका स्ट्रेस सबसे ज्यादा बढ़ता है. इस अनोखे प्रयोग के बाद उसने अपने कलीग की एक तरह की स्ट्रेस लिस्ट तैयार कर दी, जिसे देखकर इंटरनेट यूजर्स भी हैरान हो गए.
क्या है पूरा मामला?
बेंगलुरु के सॉफ्टवेयर इंजीनियर पंकज ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर बताया कि उसने Whoop फिटनेस ट्रेक के डेटा को रिवर्स इंजीनियर किया. इसके बाद मिनट दर मिनट हार्ट रेट रिकॉर्ड को ऑफिस कैलेंडर और मीटिंग्स अटेंडीज की जानकारी से मैच किया. इस प्रक्रिया के जरिए उसने देखा कि किन मीटिंग्स के दौरान उसकी हार्ट रेट में सबसे ज्यादा उछाल आता है. इसी आधार पर उसने एक लीडरबोर्ड तैयार किया, जिसमें उसने उन कलीग की रैंकिंग दिखाई गई, जिनकी मौजूदगी वाली मीटिंग सबसे ज्यादा स्ट्रेस पैदा करती है. पंकज ने मजाक के अंदाज में सोशल मीडिया पर लिखा अब उनके पास एक स्ट्रेस लीडरबोर्ड है और वह रोज उसे देखते हैं.
सोशल मीडिया पर वायरल हुआ आइडिया
यह पोस्ट वायरल होते ही सोशल मीडिया यूजर्स ने इस पर रिएक्शन देना शुरू कर दिया. कई लोगों को यह आइडिया बहुत अच्छा लगा, जबकि कुछ ने इसकी एक्यूरेसी पर भी सवाल उठाए. एक यूजर ने मजाक में सुझाव दिया कि पंकज को इस सिस्टम को वर्कप्लेस एनालिटिक्स टूल के रूप में मार्केट करना चाहिए, क्योंकि कंपनियां छंटनी के फैसले लेने से पहले सबसे ज्यादा स्ट्रेस पैदा करने वाले एंप्लॉय की पहचान करने के लिए इसका इस्तेमाल कर सकती है. वहीं दूसरे यूजर ने मजाक करते हुए कमेंट किया कोई हैरानी नहीं की स्ट्रेस लिस्ट में सबसे ऊपर प्रोडक्ट मैनेजर होंगे. वहीं एक और यूजर ने लिखा मैं तो अब यही सिस्टम अपने बच्चों की स्क्रीन टाइम के साथ जोड़ने वाला हूं. वहीं एक यूजर ने कमेंट सेक्शन में लिखा इस वर्कफ्लो को जल्द से जल्द कॉपी करना पड़ेगा तो दूसरे ने मजाक में कहा यह बंदा हर बार कुछ नया कर देता है, इसे रोका नहीं जा सकता. एक और यूजर कमेंट करता है कहीं कोई प्रोडक्ट मैनेजर अभी से कलीग स्ट्रेस फॉरेंसिक नाम का नया फीचर बनाने की सोच रहा होगा.
