VPN Apps: डिजिटल प्राइवेसी की जब बात आती है तो ज्यादातर लोग VPN Apps का इस्तेमाल करते हैं. बता दें कि आज के समय में इंटरनेट पर प्राइवेसी और सिक्योरिटी को लेकर लोग पहले से ज्यादा सतर्क हो गए हैं. इसी वजह से VPN (Virtual Private Network) ऐप्स का इस्तेमाल तेजी से बढ़ा है. साथ ही स्टोर पर कई सारे फ्री वीपीएन ऐप्स मौजूद हैं जो यूजर्स को फ्री सर्विस देते हैं. इसी कड़ी में कई लोगों के मन में सवाल आता है कि यूजर्स को सभी चीज फ्री में देने के बाद कैसे ऐप्स कमाई करते हैं. आइए जानते हैं कि क्या है पूरा प्रोसेस.

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इस तरह से होती है कमाई

आपकी जानकारी के लिए बता दें कि ज्यादातर फ्री VPN ऐप्स की कमाई का सबसे बड़ा जरिया विज्ञापन होते हैं. बता दें कि जब भी यूजर ऐप खोलता है या सर्वर बदलता है, उसे वीडियो या बैनर ऐड्स दिखाई देते हैं. हर ऐड देखने या उस पर क्लिक करने से कंपनी को ऐड नेटवर्क के जरिए कमाई होती है. इसका मतलब साफ है कि जितने ज्यादा यूजर, उतनी ज्यादा कमाई.

एफिलिएट और पार्टनरशिप भी है जरिया

इसके अलावा कुछ VPN ऐप्स दूसरी कंपनियों के साथ पार्टनरशिप करते हैं. वे अपने ऐप में दूसरे प्रोडक्ट या सर्विस का प्रमोशन करते हैं. ऐसे में अगर कोई यूजर उस लिंक के जरिए कोई खरीदारी करता है या किसी सर्विस का सब्सक्रिप्शन लेता है तो VPN कंपनी को कमीशन मिलता है. इसे एफिलिएट मार्केटिंग भी कहा जाता है.

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प्रीमियम प्लान से भी होती है कमाई

आपको बता दें कि कई VPN कंपनियां प्रीमियम प्लान भी ऑफर करती हैं. इसमें यूजर्स को बेसिक सुविधाएं मुफ्त दी जाती हैं लेकिन फास्ट स्पीड, ज्यादा सर्वर, ऐड-फ्री एक्सपीरिएंस और बेहतर सुरक्षा जैसी सर्विसेज के लिए यूजर को प्रीमियम प्लान खरीदना पड़ता है.

यूजर के डेटा से भी कमाई

बता दें कि सभी VPN यूजर्स का डेटा कमाई के लिए इस्तेमाल नहीं करते हैं लेकिन कुछ फ्री VPN ऐप्स यूजर्स की ब्राउजिंग से जुड़ा Anonymous डेटा को इकट्ठा कर उसका विश्लेषण करते हैं. कई मामलों में ये जानकारी ऐड कंपनियों या मार्केट रिसर्च एजेंसियों के लिए काम का साबित हो सकता है.

फ्री VPN इस्तेमाल करते समय इन बातों का रखें ध्यान

  • ऐप डाउनलोड करने से पहले उसकी रेटिंग और रिव्यू जरूर चेक करें.
  • Privacy Policy और Permissions को ध्यान से पढ़ें.
  • जरूरत से ज्यादा परमिशन मांगने वाले VPN से बचें.
  • संवेदनशील बैंकिंग सर्विस इस्तेमाल करते समय भरोसेमंद VPN का ही इस्तेमाल करना चाहिए.
  • अगर समय-समय पर आप VPN का इस्तेमाल करते हैं तो पेड VPN आपके लिए बेहतर ऑप्शन होगा.

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