हरिद्वार दौरे पर पहुंचे उत्तराखंड के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने ऐलान किया कि हरिद्वार में अगले वर्ष होने वाला कुंभ मेला दिव्य और भव्य तरीके से आयोजित किया जाएगा. इसके साथ ही उन्होंने कहा कि बद्रीनाथ चढ़ावा मामले में जो भी दोषी है उसके खिलाफ सख्त एक्शन लिया जायेगा. 

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हरिद्वार दौरे पर पहुंचे मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने प्रेमनगर आश्रम में प्रख्यात कथावाचक मुरारी बापू की श्रीरामकथा के समापन समारोह में हिस्सा लिया. इस अवसर पर उन्होंने कहा, "मुरारी बापू की रामकथा हर वर्ष आयोजित होती है, जिसमें देश-विदेश से बड़ी संख्या में श्रद्धालु पहुंचते हैं. उन्होंने कहा कि "मुरारी बापू के मुख में सरस्वती का वास है और वे अपने प्रवचनों के माध्यम से सनातन संस्कृति और भारतीय मूल्यों को मजबूत करने का निरंतर कार्य कर रहे हैं."

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2027 में होने वाले महाकुंभ पर क्या बोले धामी

मुख्यमंत्री ने वर्ष 2027 में होने वाले महाकुंभ का भी उल्लेख करते हुए कहा, "देवभूमि उत्तराखंड आने वाले सभी श्रद्धालुओं का स्वागत है. सरकार का लक्ष्य कुंभ 2027 को दिव्य, भव्य, सुरक्षित और सुव्यवस्थित बनाना है, जिसके लिए सभी तैयारियां युद्धस्तर पर चल रही हैं." उन्होंने यह भी कहा कि मानसून को लेकर सरकार और प्रशासन पूरी तरह सतर्क हैं तथा संभावित आपदाओं से निपटने के लिए सभी आवश्यक व्यवस्थाएं की गई हैं.

बद्रीनाथ चढ़ावा मामले में नहीं बख्शे जाएंगे दोषी

बद्रीनाथ धाम में चढ़ावे को लेकर सामने आए मामले पर मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने कड़ा रुख अपनाते हुए कहा कि "इस तरह का कृत्य गौहत्या के समान गंभीर अपराध है. यह अपने माता-पिता की हत्या जैसा पाप है और इसे किसी भी कीमत पर बर्दाश्त नहीं किया जाएगा." उन्होंने स्पष्ट कहा कि मामले की जांच की जा रही है और जांच पूरी तरह निष्पक्ष तरीके से आगे बढ़ रही है.

उन्होंने कहा, "जो भी व्यक्ति इस मामले में दोषी पाया जाएगा, उसके खिलाफ कानून के अनुसार सख्त कार्रवाई की जाएगी. किसी भी दोषी को बख्शा नहीं जाएगा." मुख्यमंत्री ने कहा कि धार्मिक संस्थानों की गरिमा और श्रद्धालुओं की आस्था की रक्षा सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकता है तथा जांच के आधार पर आगे की कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी.

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