उत्तर प्रदेश के लखनऊ में सोमवार को अलीगंज इलाके में कोचिंग में लगी आग के कारण 15 छात्रों की मौत के मामले में मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने इस मामले में सख्त जांच के आदेश दिए हैं. जिसके तहत दो सदस्यीय एसआईटी टीम का गठन किया गया है, जोकि सात दिन के अंदर रिपोर्ट सौंपेगी. एसआईटी में अपर मुख्य सचिव पर्यटन, धर्मार्थ और संस्कृति विभाग अमृत अभिजात और अपर पुलिस महानिदेशक लखनऊ जोन प्रवीण कुमार शामिल हैं. एसआईटी गठन का फैसला इस दुर्घटना के बाद हाई लेवल मीटिंग में लिया गया गया.
सीएम योगी अलीगढ़ और हाथरस का दौरा छोड़कर लखनऊ पहुंचे थे, उन्होंने घटना स्थल के साथ ट्रामा सेंटर पहुंचकर घायलों का हाल जाना और अधिकारियों से घटना के संबंध में जानकारी ली. उन्होंने स्पष्ट निर्देश दिए कि इस घटना में जो भी जिम्मेदार है उस पर सख्त कार्रवाई होगी.
पुरनिया इलाके की कोचिंग सेंटर में लगी थी आग
यहां बता दें कि अलीगंज के पुरनिया इलाके में स्थित कोचिंग सेंटर में सोमवार दोपहर आग ला गयी थी. ग्राउंड फ्लोर पर स्थित पेट शॉप में शार्ट सर्किट से पहले आग लगी जो पूरी बिल्डिंग में फैल गयी. उस दौरान दो दर्जन से भी ज्यादा छात्र व् अन्य स्टाफ मौजूद था. आग में जलकर और दम घुटने से अब तक 15 की मौत हो चुकी है, जबकि 9 गंभीर रूप से घायल KGMU के ट्रामा सेंटर में भर्ती हैं.
14 गाड़ियों ने बुझाई आग
आग लगने की सूचना मिलते ही दमकल की 14 गाड़ियां मौके पर पहुंची और करीब एक घंटे की मशक्कत के बाद आग पर काबू पाया. आग इतनीय भयावह थी कि दमकल टीम ने दीवार तोड़कर लोगों को बाहर निकाला. कई छात्र ऊपर से कूदे जबकि कई ने पड़ोस में तार पकड़कर नीचे उतरकर अपनी जान बचाई. खुद डिप्टी सीएम ब्रजेश पाठक भी मौके पर पहुंचे और राहत एवं बचाव कार्य में तेजी करवाई. उन्होंने स्पष्ट किया कि पीड़ितों की हरसंभव मदद की जाएगी.
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