हाथरस, एबीपी गंगा। पीने को पानी नहीं मिला तो पिता ने अपनी तीन मासूम बेटियों के साथ इच्छा मृत्यु के लिए देश के प्रधानमंत्री को प्रार्थना पत्र लिखा है। शिकायतकर्ता एक साल से भी अधिक समय से गांव में खारे पानी की समस्या को लेकर अधिकारियों के दफ्तरों का चक्कर लगा रहा है। जिलाधिकारी से लेकर प्रदेश के मुख्यमंत्री के दफ्तर तक दरवाजा खटखटा चुका है। समस्या का समाधान न होता देख पिता ने अपनी तीन मासूम बेटियों के साथ इच्छामृत्यु करने के लिए प्रधानमंत्री से गुहार लगाई है।
गौरतलब है कि हाथरस जिले के हसायन ब्लॉक क्षेत्र के गांवों में रहने वाले लाखों ग्रामीण खारे पानी की समस्या से जूझ रहे हैं। आलम यह है कि इन गांवों का पानी इतना खराब हो चुका है कि यहां रहने वाले ग्रामीण तो बहुत दूर की बात है बल्कि इन गांवों में रहने वाले पशु भी इस पानी को पीने से कतराते हैं। इन गांवों में रहने वाले ग्रामीणों को पीने योग्य पानी लाने के लिए दो से तीन किलोमीटर दूर पैदल चलकर जाना पड़ता है। खारे पानी की समस्या झेल रहे ग्रामीणों ने इससे पहले भी धरना प्रदर्शन से लेकर आमरण अनशन तक किया लेकिन आज तक किसी ने सुध नहीं ली।
सालों से अधिकारियों और प्रदेश सरकार के दफ्तरों के चक्कर लगाने के बाद खारे पानी की समस्या का समाधान न होने पर जिले के हसायन ब्लॉक क्षेत्र नगला मया (महासिंहपुर) निवासी चंद्रपाल सिंह ने शनिवार को अपना एक वीडियो बनाकर वायरल किया है। वीडियो में चन्द्रपाल सिंह और उसकी बेटी ने ''पानी दो या मौत दो'' के नारे के साथ इच्छा मृत्यु की मांग करते हुये। स्वेच्छा से इच्छामृत्यु करने के लिए देश के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को पत्र लिखा है।
