राजस्थान के कांग्रेस नेता सचिन पायलट एक बार फिर सुर्खियों में आ गए हैं. पार्टी की तरफ से उन्हें बड़ी जिम्मेदारी देने की तैयारी की जा रही है. कांग्रेस पार्टी सचिन पायलट का राजस्थान भेजने के मूड में है. सूत्रों के हवाले से खबर आ रही है कि सचिन पायलट को जल्द ही राजस्थान कांग्रेस का अध्यक्ष बनाया जा सकता है. ऐसे में कांग्रेस की तरफ से लगातार हो रहे बदलावों में यह सबसे अहम बदलाव होने जा रहा है. 

पिछले कई दिनों से कांग्रेस में लगातार नेतृत्व परिवर्तन देखने को मिल रहा है. हाल ही में कर्नाटक में सिद्धारमैया को सीएम के पद से हटाकर युवा डीके शिवकुमार को मुख्यमंत्री बनाया गया है. साथ ही केरल में पुराने और अनुभवी नेताओं को दरकिनार कांग्रेस ने वीडी सतीशन को मुख्यमंत्री बनाया है. 

अशोक-गहलोत बनाम सचिन पायलट

राजस्थान में काफी लंबे समय से अशोक गहलोत बनाम सचिन पायलट की लड़ाई चलती रही है. ऐसा लगता है कि सचिन पायलट को राजस्थान कांग्रेस के अध्यक्ष की कमान सौंप कर युवाओं पर भरोसा जताने का जो ट्रेंड चला आ रहा है. कर्नाटक और केरल के बाद अब राजस्थान में इसका एक्शन देखने को मिल सकता है. 

बता दें कि सचिन पायलट पहले भी राजस्थान कांग्रेस के अध्यक्ष रह चुके हैं. कांग्रेस आलाकमान ने पायलट को प्रदेश अध्यक्ष बनाने के लिए कमर कस ली है क्योंकि साल 2028 में राजस्थान समेत कई राज्यों में विधानसभा चुनाव होने हैं.

ऐसे में कांग्रेस बड़े नेताओं को चुनाव से पहले बड़ी जिम्मेदारी देने के पक्ष में है. इसलिए कांग्रेस ने सचिन पायलट को अध्यक्ष बनाने की तैयारी पूरी कर ली है. बताया जा रहा है कि आने वाले समय में उन्हें प्रदेश कांग्रेस का अध्यक्ष बनाया जा सकता है. 

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यह जिम्मेदारी संभाल रहे हैं सचिन पायलट

सचिन पायलट फिलहाल वर्तमान में छत्तीसगढ़ के प्रभारी हैं. राष्ट्रीय महासचिव हैं. अब उन्हें इस जिम्मेदारी से मुक्त कर राजस्थान भेजा जाएगा. दरअसल राजस्थान में कार्यकर्ताओं और समर्थकों की तरफ से लगातार यह मांग की जा रही है कि सचिन पायलट को राजस्थान के अंदर बड़ी जिम्मेदारी दी जाए. 

बता दें कि पिछले चुनाव में सचिन पायलट प्रदेश अध्यक्ष के पद पर काबिज थे. लेकिन जब अशोक गहलोत मुख्यमंत्री बने थे तो वह सूबे के प्रधान थे. उनके नेतृत्व में ही वह चुनाव लड़ा गया था. अशोक गहलोत को मुख्यमंत्री बनाए जाने पर लगातार तनातनी भी देखने को मिली थी. 

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