राजस्थान में यूसीसी का ड्राफ्ट तैयार करने के लिए गठित की गई कमेटी 10 जुलाई से जनसुनवाई कर लोगों की राय जानने का काम करेगी. इसकी शुरुआत राजधानी जयपुर से होगी. कांग्रेस पार्टी ने इस जनसुनवाई के बायकॉट का ऐलान किया है. कांग्रेस पार्टी के प्रदेश अध्यक्ष गोविंद सिंह डोटासरा का कहना है कि प्रस्तावित ड्राफ्ट के बिंदु तय किए बिना जनसुनवाई करना और लोगों की राय जानना पूरी तरह से गलत है.
कांग्रेस नेता ने 10 जुलाई से शुरू हो रही जनसुनवाई को रद्द किए जाने की मांग की है. उनका कहना है कि भजनलाल शर्मा सरकार यूनिफॉर्म सिविल कोड के बहाने राजस्थान को सांप्रदायिकता की आग में झोंकना चाहती है. नफरत फैला कर लोगों को आपस में बांटने का काम करना चाहती है. यूनिफॉर्म सिविल कोड की यहां कोई जरूरत नहीं है, लेकिन सरकार बेवजह इसके नाम पर सियासी रोटियां सेंक रही है.
कांग्रेस जनसुनवाई का करेगी बायकॉट
प्रदेश अध्यक्ष गोविंद सिंह डोटासरा का कहना है कि कांग्रेस पार्टी राजधानी जयपुर के साथ ही पूरे प्रदेश में होने वाली जनसुनवाई का बायकॉट करेगी.उनके मुताबिक हम चाहते हैं कि सरकार यूसीसी के बजाय सड़क, बिजली, पानी, शिक्षा, स्वास्थ्य और कानून व्यवस्था के मुद्दे पर जनसुनवाई करें. इन मुद्दों पर होने वाली जनसुनवाई से जनता को फायदा होगा। ऐसे में कांग्रेस पार्टी जनता से जुड़े मुद्दों पर होने वाली जनसुनवाई में ही शामिल होगी.
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अलग-अलग राज्यों से सियासी लाभ लेने की कोशिश
गोविंद सिंह डोटासरा का यह भी कहना है कि अगर यूनिफॉर्म सिविल कोड लागू ही करना है तो केंद्र सरकार को उसे पूरे देश में लागू कर देना चाहिए. अलग-अलग राज्यों में अलग-अलग समय पर इस पर विवाद खड़ा करके सिर्फ सियासी रोटियां सेकी जा रही हैं.
इस मामले में अभी बीजेपी की ओर से कोई प्रतिक्रिया नहीं आई है, लेकिन माना जा रहा है ये मुद्दा राज्य की राजनीति में अब गर्मा जाएगा.
