राजस्थान सब इंस्पेक्टर भर्ती परीक्षा 2021 को लेकर विवाद थमने का नाम नहीं ले रहा है. जांच के बाद सरकार की ओर से इस भर्ती परीक्षा को रद्द करने के आदेश जारी किए गए थे. लेकिन इस फैसले का अभ्यर्थियों और सामाजिक संगठनों ने कड़ा विरोध शुरू कर दिया है. मारवाड़ राजपूत महासभा अभ्यर्थियों के साथ मिलकर सड़कों पर उतर आई और इस निर्णय को वापस लेने की मांग की.
अभ्यर्थियों का कहना है कि इस परीक्षा में हजारों युवाओं ने सालों की मेहनत और समय लगाया है. कई उम्मीदवारों ने नौकरी की उम्मीद में अपने परिवार और पढ़ाई पर भारी खर्च किया है. ऐसे में परीक्षा को रद्द करना सीधे मेहनती युवाओं के भविष्य से खिलवाड़ है. उनका कहना है कि जिन लोगों का इस भर्ती परीक्षा से कोई लेना-देना नहीं है, वही लोग केवल राजनीति के लिए परीक्षा रद्द करने की मांग कर रहे हैं.
'आंदोलन को किया जाएगा और तेज'
प्रदर्शन में शामिल युवाओं ने स्पष्ट किया कि वे किसी भी हाल में परीक्षा रद्द करने के फैसले को स्वीकार नहीं करेंगे. उनका कहना था कि सरकार को उन गड़बड़ियों और भ्रष्टाचार में शामिल दोषियों पर कार्रवाई करनी चाहिए, न कि मेहनती अभ्यर्थियों को सजा देनी चाहिए.
मारवाड़ राजपूत महासभा के पदाधिकारियों ने भी अभ्यर्थियों का पूरा समर्थन करते हुए कहा कि युवाओं के हितों की अनदेखी बर्दाश्त नहीं की जाएगी. महासभा ने चेतावनी दी कि यदि सरकार ने परीक्षा रद्द करने का फैसला वापस नहीं लिया, तो आंदोलन को और तेज किया जाएगा.
'आंदोलन रहेगा जारी'
इस दौरान प्रदर्शन स्थल पर बड़ी संख्या में अभ्यर्थी एकत्र हुए और नारेबाजी करते हुए सरकार से न्याय की मांग की. प्रदर्शनकारियों ने दो टूक कहा कि उनकी लड़ाई युवाओं के भविष्य को बचाने के लिए है और यह आंदोलन तब तक जारी रहेगा जब तक परीक्षा रद्द करने का फैसला वापस नहीं लिया जाता.