राजधानी जयपुर में आज (16 फरवरी) शराब कारोबारियों ने एक दिन की हड़ताल कर दी. शहरभर में शराब की दुकानें बंद रहीं और बड़ी संख्या में कारोबारी सड़कों पर उतरकर विरोध प्रदर्शन करते नजर आए. यह हड़ताल दुकानों को बंद करने के समय की सीमा बढ़ाए जाने की मांग को लेकर की गई है.
शराब कारोबारियों का कहना है कि फिलहाल दुकानों को रात 8 बजे बंद करने का नियम है. जिससे उनका कारोबार प्रभावित हो रहा है. उनकी मांग है कि दुकानों को रात 11 बजे तक खोलने की अनुमति दी जाए. इसी मांग को लेकर बड़ी संख्या में कारोबारी आबकारी दफ्तर पहुंचे और वहां प्रदर्शन कर अपना विरोध दर्ज कराया.
कारोबारियों ने पुलिस पर उत्पीड़न के लगाए गंभीर आरोप
प्रदर्शन के दौरान कारोबारियों ने स्थानीय पुलिस पर उत्पीड़न के गंभीर आरोप लगाए. उनका कहना है कि पुलिस शाम 7 बजे से ही दुकानों को बंद कराने का दबाव बनाना शुरू कर देती है और बेवजह परेशान किया जाता है. कई कारोबारियों ने कहा कि बिना किसी कारण के पुलिस दबाव डालती है, जिससे उन्हें समय से पहले दुकानें बंद करनी पड़ती हैं. शराब कारोबारियों का तर्क है कि देश के कई दूसरे राज्यों में शराब की दुकानें देर रात तक खुली रहती हैं. अगर जयपुर में भी दुकानों को रात 11 बजे तक खोलने की अनुमति दी जाती है, तो इससे सरकार के राजस्व (रेवेन्यू) में भी बढ़ोतरी होगी और कारोबारियों को भी राहत मिलेगी.
कारोबिरियों ने आबकारी अधिकारी को सौंपा ज्ञापन
कारोबारियों ने अपनी मांगों को लेकर जिला आबकारी अधिकारी को एक ज्ञापन भी सौंपा है. इस संबंध में जिला आबकारी अधिकारी महिपाल सिंह ने कहा कि कारोबारियों की समस्याओं को आबकारी कमिश्नर के माध्यम से आगे भेजा जाएगा और समाधान का प्रयास किया जाएगा.
वहीं, शराब कारोबारियों ने चेतावनी दी है कि अगर उनकी मांगों पर जल्द कोई सकारात्मक फैसला नहीं लिया गया. तो वे मजबूर होकर पूरे राजस्थान में शराब की दुकानों को बंद कर सामूहिक हड़ताल करेंगे. फिलहाल जयपुर में इस हड़ताल का असर साफ तौर पर देखा गया. जहां शराब की दुकानें पूरी तरह बंद रहीं और शहर का माहौल दिनभर आंदोलनमय बना रहा.
ये भी पढ़िए- टी20 वर्ल्ड कप में पाकिस्तान के खिलाफ टीम इंडिया का तगड़ा रिकॉर्ड, 9 मैच में आठ बार मैदान में पटका
