चंडीगढ़ के सेक्टर-9 में 18 मार्च 2026 को दिनदहाड़े हुए प्रॉपर्टी डीलर चमनप्रीत सिंह उर्फ चिन्नी कुबाहेड़ी हत्याकांड में पुलिस ने बड़ी कार्रवाई करते हुए मामले की मास्टरमाइंड अमरीन राय को गिरफ्तार कर लिया है. यह मामला उस समय सनसनी बन गया था जब जिम के बाहर खुलेआम गोली मारकर चमनप्रीत की हत्या कर दी गई थी. अब जांच में इस वारदात के पीछे की साजिश का खुलासा हुआ है.

Continues below advertisement

अमरीन का न्यू चंडीगढ़ में खरीदी प्रॉपर्टी को लेकर था विवाद

पुलिस के अनुसार, अमरीन राय पंजाब के एक वरिष्ठ आईपीएस अधिकारी की रिश्तेदार है. जांच में सामने आया कि अमरीन और चमनप्रीत के बीच न्यू चंडीगढ़ में खरीदी गई प्रॉपर्टी को लेकर विवाद चल रहा था. अमरीन का आरोप था कि चमनप्रीत ने उसे धोखा दिया, प्रॉपर्टी ऊंचे दामों पर बेची और कब्जा भी नहीं दिया, जिससे उसे भारी आर्थिक नुकसान हुआ. इसी रंजिश के चलते उसने चमनप्रीत को सबक सिखाने की ठान ली.

'भगवंत मान मानसिक संतुलन खो चुके हैं' ब्लास्ट के बाद पंजाब सीएम के बयान पर BJP के बिगड़े बोल

Continues below advertisement

हत्या करने के लिए गैंगस्टर लकी पाटियाल से किया संपर्क 

आगे की जांच में यह भी खुलासा हुआ कि अमरीन ने इस हत्या की साजिश रचने के लिए गैंगस्टर लकी पाटियाल से संपर्क किया. इस पूरे नेटवर्क में मोहाली के गांव कैम्बाला निवासी प्रॉपर्टी डीलर हर्षप्रीत सिंह ने अहम भूमिका निभाई. हर्षप्रीत ने एक एन्क्रिप्टेड ऐप के जरिए अमरीन और गैंगस्टर के बीच संपर्क स्थापित कराया.

बताया जा रहा है कि अमरीन ने हत्या के बदले बड़ी रकम देने का वादा किया था, जिसके बाद इस वारदात को अंजाम दिया गया. पुलिस अब इस पूरे मामले में शामिल अन्य आरोपियों और कनेक्शनों की भी जांच कर रही है. अमरीन राय सेक्टर-35 चंडीगढ़ की रहने वाली है और उसकी गिरफ्तारी के बाद इस हाई-प्रोफाइल केस में कई और बड़े खुलासे होने की संभावना जताई जा रही है.

Punjab Blasts: ऑपरेशन सिंदूर से जुड़े हैं पंजाब में हो रहे ब्लास्ट्स के तार! DGP गौरव यादव ने दिया बड़ा बयान