पंजाब के अमृतसर से एक दिल दहला देने वाला मामला सामने आया है, जहां स्कूल में पढ़ने वाली एक 17 साल की छात्रा ने अपनी जान दे दी. आरोप है कि फीस को लेकर स्कूल टीचर्स उसपर इतना दबाव डाल रहे थे कि तनाव में आकर छात्रा ने यह खौफनाक कदम उठाया. फिलहाल, पुलिस ने छात्रा का शव कब्जे में लेकर उसे पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है और स्कूल स्टाफ के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर आगे की कार्रवाई शुरू कर दी है. 

Continues below advertisement

छात्रा का नाम अमजोत कौर औलख था. अमजोत की मौत के बाद परिजनों ने स्कूल प्रबंधन और शिक्षकों पर गंभीर आरोप लगाए. परिवार ने दावा किया कि फीस और अन्य कारणों से छात्रा को मानसिक रूप से परेशान किया जाता था. इस मामले में विजय नगर पुलिस चौकी में केस दर्ज हुआ है. अब पोस्टमार्टम रिपोर्ट का इंतजार किया जा रहा है. 

स्कूल प्रिंसिपल और टीचर्स पर लगे आरोप

Continues below advertisement

बता दें, अमृतसर में 17 वर्षीय छात्रा की मौत का मामला गंभीर होता जा रहा है. मृतका अमजोत कौर औलख DDIS स्कूल में पढ़ाई कर रही थी. परिजनों ने आरोप लगाया है कि फीस जमा न होने के कारण स्कूल स्टाफ द्वारा उनकी बेटी को लगातार परेशान और प्रताड़ित किया जाता था. इसके चलते वह मानसिक तनाव में आ गई और कथित तौर पर उसने कोई जहरीला पदार्थ निगल लिया.

अमजोत की तबीयत बिगड़ने के बाद उसे इलाज के लिए फोर्टिस अस्पताल में भर्ती कराया गया था, जहां इलाज के दौरान उसकी मौत हो गई. मृतका के परिजनों ने मीडिया से बातचीत करते हुए भी स्कूल प्रबंधन पर गंभीर आरोप लगाए हैं.

स्कूल स्टाफ पर आत्महत्या के लिए उकसाने के मामले में केस

पंजाब के शिक्षा मंत्री हरजोत सिंह बैंस ने कहा, "यह बेहद दुखद खबर है कि एक 17 वर्षीय लड़की ने आत्महत्या कर ली है. आरोप है कि स्कूल ने उसे प्रताड़ित किया. इसके पीछे फीस न चुकाने या अन्य कई कारण हो सकते हैं. हमने इस मामले को गंभीरता से लेते हुए आत्महत्या के लिए उकसाने का मामला दर्ज किया है और स्कूल अधिकारियों के साथ-साथ इसमें शामिल सभी लोगों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जा रही है."

'बहुत होनहार थी अमजोत', रोते हुए बोले पिता

छात्रा के पिता ने बताया कि उनकी बेटी पढ़ाई में बेहद होनहार थी और हर क्लास में अच्छे मार्क्स लाती थी. उनका कहना है कि अमजोत कौर ने कई बार स्कूल में आ रही परेशानियों और दबाव के बारे में परिवार को बताया था. परिवार के अनुसार स्कूल की प्रिंसिपल, क्लास टीचर और अन्य स्टाफ छात्रा पर अतिरिक्त दबाव बनाते थे.

'दूसरे बच्चों के सामने अमजोत को किया जाता था अपमानित'

परिजनों का आरोप है कि अमजोत को कई बार अन्य छात्रों के सामने अपमानित किया जाता था  और फीस से जुड़े मामलों को लेकर लगातार मानसिक दबाव बनाया जाता था. परिजनों ने यह भी दावा किया कि छात्रा से पढ़ाई के अलावा अन्य जिम्मेदारियां भी निभाने के लिए कहा जाता था, जिससे वह लगातार तनाव में रहती थी. इस मामले में जिम्मेदार लोगों के खिलाफ कड़ी से कड़ी कार्रवाई की मांग की जा रही है ताकि भविष्य में किसी अन्य छात्र को ऐसी परिस्थितियों का सामना न करना पड़े.

अमजोत कौर मौत मामले में अमृतसर पुलिस ने क्या कहा? 

वहीं, विजय नगर पुलिस चौकी के प्रभारी ASI हरजिंदर सिंह ने बताया कि 17 साल की अमजोत कौर की मौत मामले में उन्हें सूचना मिली थी. बताया गया था कि उसने कोई जहरीला पदार्थ खा लिया है. परिवार के बयानों के आधार पर स्कूल स्टाफ के खिलाफ केस दर्ज कर लिया गया है. पुलिस अधिकारियों का कहना है कि मौत के वास्तविक कारणों की पुष्टि पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद ही हो सकेगी. फिलहाल, मामले की निष्पक्ष जांच की जा रही है और सामने आने वाले तथ्यों के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी.