लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष और कांग्रेस सांसद राहुल गांधी की ओर से प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और गृह मंत्री अमित शाह के खिलाफ आपत्तिजनक टिप्पणी करने का मामला गरमाया हुआ है. इस बीच जब AIMIM नेता वारिस पठान से इसको लेकर सवाल किया गया तो उन्होंने कहा कि राहुल गांधी ने उनके खिलाफ कुछ बोला है तो बेहतर होगा कि आप उन्हीं से सवाल करिए और उन्हीं से जवाब लीजिए. AIMIM नेता ने कहा कि मैं इस पर क्या बोलूं.
नीट का पेपर लीक पर उन्होंने कहा कि बच्चों का करियर बर्बाद हो गया. एक लड़के ने आत्महत्या कर ली. मैं तो कहूंगा कि ये आत्महत्या नहीं बल्कि सरकार की तरफ से 'कोल्ड ब्लडेड मर्डर' था. मगर पीएम मोदी आए और बोले कि विदेश यात्रा बंद कर दीजिए, पेट्रोल-डीजल का इस्तेमाल कम कर दीजिए.
पीएम मोदी मेलोडी दिखा रहे- वारिस पठान
उन्होंने आगे कहा, ''आपने पेट्रोल-डीजल के दाम बढ़ा दिए. मगर आप खुद विदेश यात्रा करने चले गए. पूरे देशवासियों को टेंशन में डालकर प्रधानमंत्री पांच देशों की यात्रा पर निकल गए. गरीब तबका पेट्रोल-डीजल की मार झेल रहा है. इतनी उसको तकलीफ हो गई है लेकिन मोदी जी उधर घूम रहे हैं. इटली की प्राइम मिनिस्टर को मिलते हैं तो उनको मेलोडी की चॉकलेट दे रहे हैं. मेलोडी दिखा रहे हैं. ये क्या है? थोड़ा तो संवेदनशील होना चाहिए, देश का दर्द तो आप समझो.'' वारिस पठान ने ये भी कहा, ''पीएम मोदी एक आम आदमी का दर्द कब समझेंगे? पूरे देश को आपने टेंशन में डाल दिया है."
बांद्रा में बुलडोजर एक्शन पर क्या बोले वारिस पठान?
मुंबई में बांद्रा में बुलडोजर एक्शन पर वारिस पठान ने कहा, ''दिल बहुत दुखी है, आहत है. सदियां लग जाती हैं एक घर बसाने में, आप तरस नहीं खाते बस्तियां उजाड़ने में. आपने बुलडोजर से 400 घरों को उजाड़ दिया. 400 घरों के परिवार आज वहां बांद्रा ईस्ट में रास्ते पर धूप में बैठे हुए हैं. बुजुर्ग, बच्चे समेत तमाम लोग वहां है, सामान तितर बितर पड़े हुए हैं. बच्चों की किताबें तितर बितर पड़ी हुईं हैं. कोई हाल पूछने वाला नहीं है. कोई हाल देखने वाला नहीं है. अगर अवैध अतिक्रमण था तो इतने सालों से क्या कर रहे थे? वो भ्रष्ट कर्मचारी कहां है, जिसने ये अतिक्रमण होने दिया. क्या उनके घरों को भी आप तोड़ेंगे? उनके घरों पर आप कब बुलडोजर चलाएंगे? वो तो लाखों रुपये कमाकर बैठकर मलाई खा रहे हैं.
उन्होंने आगे कहा, ''ये भारत के नागरिक हैं. मौसम विभाग ने कहा है कि वहां पर बारिश होने वाली है. इस बारिश में ये लोग कहां जाएंगे? सरकार के पास म्हाडा है. म्हाडा के पास तो बहुत सारी जमीनें हैं तो कहीं न कहीं इनका बसाना पड़ेगा न. आप इस सभी को ऐसे ही मरने के लिए छोड़ देंगे?''
सरकार का दिल इतना कठोर कैसे हो सकता है- वारिस पठान
असदुद्दीन ओवैसी की पार्टी के नेता ने आरोप लगाया, ''सरकार का दिल इतना कठोर कैसे हो सकता है? वीडियो आ रहे हैं कि किसी को लाठी से मारा जा रहा है, किसी बुढ़ी महिला को मारा जा रहा है. किसी आदमी का सिर फटा हुआ है तो ये तमाम चीजें दर्शाता है कि सरकार के दिल को क्या हो गया है. लोग बोल रहे हैं कि उनके पास दस्तावेज हैं. मंदिर, मस्जिद, मदरसा, गिरिजाघर, गुरुद्वारे- ये सभी संवेदनशील मुद्दे होते हैं. इससे लोगों के जज्वात, लोगों की आस्था जुड़ी होती है. आपने उसको भी उजाड़ दिया. हमारी सरकार से मांग है कि उनके रहने का इंतजाम किया जाए. उनके कागजात देखें.''
किसान कर्जमाफी पर CM देवेंद्र फडणवीस का बड़ा ऐलान, पेट्रोल-डीजल की कीमतों पर क्या बोले?
