मुंबई में शिवसेना (यूबीटी) सांसद संजय राउत द्वारा बागी सांसदों के खिलाफ अपमानजनक भाषा के इस्तेमाल को लेकर सियासत गरमा गई है. इस मुद्दे पर शिवसेना एमएलसी मनीषा कायंदे ने संजय राउत, उद्धव ठाकरे पर निशाना साधते हुए कई तीखे सवाल खड़े किए.
उन्होंने आरोप लगाया कि संजय राउत की भाषा और कार्यशैली से पार्टी को नुकसान पहुंच रहा है. साथ ही उन्होंने कहा कि जिस तरह की भाषा का इस्तेमाल किया जा रहा है, उससे पार्टी के भीतर बचे नेताओं और कार्यकर्ताओं में भी असहजता पैदा हो सकती है.
मनीषा कायंदे ने कहा, "यूबीटी पार्टी के अंदर संजय राउत नाम की एक व्यवस्था है. उस व्यवस्था ने ठान लिया है कि वह उद्धव ठाकरे की पार्टी को ताला लगाकर ही छोड़ेगा. जिस प्रकार की गाली-गलौज संजय राउत मां-बहन के ऊपर करते हैं, क्या आने वाले समय में उनके पास जो अभी भी शिवसैनिक, आमदार और खासदार बचे हैं, उन्हें भी नहीं लगेगा कि हमको ऐसे गाली-गलौज करने वाला आदमी क्यों चाहिए? यह कौन सा प्रवक्ता है?"
उद्धव और रश्मि ठाकरे से पूछे सवाल
कायंदे ने आगे कहा, "देश में ऐसा कोई प्रवक्ता नहीं है जो मीडिया के सामने मां-बहन के ऊपर गाली देता हो. क्या उद्धव ठाकरे को यह सब हजम हो रहा है? क्या रश्मि ठाकरे, जो पार्टी चलाती हैं, उन्हें यह सहन होता है कि उनका एक प्रवक्ता, उनका एक सांसद मां-बहन के ऊपर गाली देता है? मैं उद्धव ठाकरे जी से पूछना चाहती हूं, क्या यही आपका सुसंस्कृत चेहरा है?"
यूबीटी की बैठक और महायुति पर भी बोलीं
शिवसेना (यूबीटी) की बैठक को लेकर मनीषा कायंदे ने कहा, "आज शिवसेना यूबीटी की मीटिंग के बारे में हमें कोई जानकारी नहीं है. मीटिंग होने के बाद देखेंगे कि कौन है और कौन नहीं है. वहां क्या चल रहा है, दिल्ली में क्या चल रहा है, इससे हम वाकिफ नहीं हैं."
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वहीं आगामी चुनावों को लेकर उन्होंने भरोसा जताते हुए कहा, "हमें पूरा यकीन है कि हम अपनी सभी सीटें जीतेंगे. कुछ सीटें तो हम पहले ही निर्विरोध जीत चुके हैं और बाकी भी जीतेंगे. लोगों का महायुति पर विश्वास है और महायुति महाराष्ट्र में आगे भी इसी प्रकार एक साथ चलती रहेगी."
