पुणे से एक बेहद दर्दनाक और चौंकाने वाली घटना सामने आई है, जिसने इलाके में सनसनी फैला दी है. दिघी क्षेत्र में रहने वाले 19 साल के छात्र अथर्व विजय देशमुख ने फांसी लगाकर अपनी जीवन लीला समाप्त कर ली. इस घटना ने हर किसी को हैरान कर दिया है.
किचन में सीट बेल्ट के सहारे लगाई फांसी, मां बेहोश
मिली जानकारी के अनुसार, अथर्व अपनी मां के साथ गंगोत्री हॉस्पिटल के पास किराए के कमरे में रहता था, जबकि उसके पिता विश्रांतवाड़ी इलाके में रहते हैं. रविवार (15 मार्च) शाम करीब 7:30 बजे, जब उसकी मां किसी काम से घर से बाहर गई थीं, उसी दौरान अथर्व ने किचन में सीट बेल्ट के सहारे फांसी लगा ली.
कुछ देर बाद जब मां वापस लौटीं, तो दरवाजा अंदर से बंद मिला. कई बार आवाज देने के बावजूद जब कोई प्रतिक्रिया नहीं मिली, तो उन्होंने पड़ोसियों की मदद ली. एक युवक खिड़की के रास्ते अंदर पहुंचा और दरवाजा खोला, जहां अथर्व फंदे से लटका हुआ मिला. यह दृश्य देखकर मां बेहोश हो गईं. घटना की सूचना मिलते ही दिघी पुलिस मौके पर पहुंची और तत्काल अथर्व को अस्पताल ले जाया गया, लेकिन डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया.
आत्महत्या से पहले अपना मोबाइल किया फॉर्मेट
जांच के दौरान एक अहम बात सामने आई है कि आत्महत्या से पहले अथर्व ने अपना मोबाइल पूरी तरह फॉर्मेट कर दिया था, जिससे कई सवाल खड़े हो गए हैं. आखिर उसने ऐसा कदम क्यों उठाया? इसका कारण फिलहाल स्पष्ट नहीं हो सका है.
बताया जा रहा है कि अथर्व वाघोली स्थित एक प्रतिष्ठित कॉलेज में आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) की पढ़ाई कर रहा था. इस घटना के बाद परिवार पर दुखों का पहाड़ टूट पड़ा है और माता-पिता गहरे सदमे में हैं. फिलहाल पुलिस मामले की जांच कर रही है और आत्महत्या के पीछे की वजह जानने की कोशिश जारी है.
