मुंबई में इस साल 27 और 28 अक्टूबर को छठ पूजा धूमधाम से मनाई जाएगी. श्रद्धालुओं की सुविधा के लिए बृहन्मुंबई महानगरपालिका ने पूरे शहर में खास इंतजाम किए हैं. इस बार मुंबई शहर और उपनगरों में कुल 67 जगहों पर छठ पूजा का आयोजन किया जाएगा. बीएमसी आयुक्त भूषण गगराणी और अतिरिक्त आयुक्त डॉ. अश्विनी जोशी के निर्देश पर यह सारी तैयारियां की गई हैं.

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पूजा आयोजकों को मंजूरी देने के लिए एकल खिड़की प्रणाली (Single Window System) शुरू की गई है. हर विभाग में समन्वय अधिकारी नियुक्त किए गए हैं ताकि पुलिस और ट्रैफिक विभाग के साथ तालमेल बना रहे. आयोजकों को अनुमति और अन्य जरूरी मदद आसानी से मिले, इसके लिए बीएमसी का पूरा स्टाफ तैयार है.

148 कृत्रिम विसर्जन स्थल तैयार

इस बार बीएमसी ने श्रद्धालुओं के लिए 148 कृत्रिम विसर्जन टैंक और तालाब तैयार किए हैं. इसका मकसद समुद्र किनारों और प्राकृतिक जलाशयों पर होने वाली भीड़ को कम करना है. सबसे ज्यादा टैंक घाटकोपर में 44, दहिसर में 22 और कांदिवली में 16 बनाए गए हैं. सभी जगहों पर साफ पानी और स्वच्छ माहौल की व्यवस्था की गई है. पिछले साल सिर्फ 39 जगहों पर पूजा की अनुमति थी, जबकि इस बार संख्या 67 तक बढ़ा दी गई है.

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सफाई और निर्माल्य प्रबंधन पर जोर

पूजा के दौरान अतिरिक्त सफाई कर्मचारी और वाहन तैनात रहेंगे. सभी जगहों पर निर्माल्य कलश, अस्थायी शौचालय, टेबल-कुर्सियां और धूम्रफवारणी (फॉगिंग) की सुविधा होगी. पूजा स्थलों की सफाई और कचरा निपटान पर खास ध्यान दिया जाएगा ताकि कहीं गंदगी न फैले.

403 चेंजिंग रूम और रोशनी की व्यवस्था

श्रद्धालुओं के लिए बीएमसी ने 403 वस्त्रांतरगृह (Changing Rooms) बनाए हैं. सभी जगहों पर पर्याप्त रोशनी और पुलिस बंदोबस्त रहेगा. पार्किंग की सुविधा के लिए भी पुलिस विभाग के साथ समन्वय किया गया है. महिलाओं और बुजुर्ग श्रद्धालुओं के लिए भी अलग से सुविधा की जाएगी.

पेयजल और चिकित्सा सुविधा

सभी प्रमुख पूजा स्थलों पर पीने के पानी की व्यवस्था की गई है. श्रद्धालुओं के लिए प्राथमिक चिकित्सा केंद्र (First Aid Booths) बनाए गए हैं. जरूरत पड़ने पर एम्बुलेंस और स्वास्थ्यकर्मी मौके पर मौजूद रहेंगे. अधिकारी लगातार क्षेत्र का दौरा कर यह देखेंगे कि सभी सुविधाएं ठीक से काम कर रही हैं या नहीं.

बीएमसी की अपील

बीएमसी ने नागरिकों से अपील की है कि वे सुरक्षा नियमों का पालन करें. श्रद्धालुओं से कहा गया है कि गहरे समुद्र में न जाएं और अपनी सुरक्षा का ध्यान रखें. किसी भी अफवाह पर विश्वास न करें और छठ पूजा शांति और सादगी से मनाएं. किसी भी आपात स्थिति में तुरंत बीएमसी हेल्पलाइन नंबर 1916 पर संपर्क करें. प्रशासन ने कहा है कि सभी श्रद्धालु स्वच्छता और सुसंवाद बनाए रखें ताकि यह त्योहार खुशी और शांति से मनाया जा सके.