कई सालों से फरार चल रहे प्रसाद पुजारी को पिछले साल ही चीन से भारत लाया गया था, फिलहाल पुजारी मुंबई के आर्थर रोड जेल में कैद है, सूत्रों ने बताया कि 6 जुलाई को मुंबई की हाई-सिक्योरिटी सेंट्रल जेल में कथित रूप से दो गैंग ने एक दूसरे पर हमला कर दिया. यह घटना दोपहर करीब 12:30 बजे हुई थी.
सूत्रों ने बताया कि जेल अधिकारी रविंद्र अर्जुन टोंगे ने इस घटना के बाद SOP के तहत इस बात की शिकायत NM जोशी पुलिस स्टेशन में की जहां शिकायत के आधार पर 7 जुलाई को भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 194(2) के तहत दंगा और मारपीट के आरोप में सात कैदियों के खिलाफ मामला दर्ज किया गया है.
'7 आरोपियों के खिलाफ मामला हुआ है दर्ज'एक अधिकारी ने बताया कि जिन 7 आरोपियों के खिलाफ मामला दर्ज हुआ है, उसमें इरफान रहीम खान, शुऐब खान उर्फ भूर्या, अयूब अनुमुद्दीन शेख, मुकेश सीताराम निषाद, लोकेन्द्र उदयसिंह रावत, सिद्धेश संतोष भोसले और प्रसाद विट्ठल पुजारी का नाम है.
'गैंग वॉर में किसी को नहीं आई है गंभीर चोट'एक अधिकारी ने बताया कि जेल में हुए इस गैंग वॉर में किसी को गंभीर चोट नहीं आई है, लेकिन इस घटना के बाद जेल प्रशासन ने इंटरनल जांच शुरू कर दी है कि हाई-सिक्योरिटी जेल में इस तरह की घटना कैसे घट गई.
प्रसाद पुजारी का जीवन परिचयप्रसाद, जिसे सब सुभाष विट्ठल पुजारी या सिद्धार्थ शेट्टी भी कहा जाता है, एक भगोड़ा गैंगस्टर है. उसे अंडरवर्ल्ड के साथ जुड़े आरोप हैं, और वह बीस साल से अपनी पत्नी के साथ चीन में रह रहा था. मार्च 2024 में उसे भारत लाया गया, जहां उसकी गिरफ्तारी हुई.
उसका जन्म विक्रोली के टैगोर नगर में हुआ था. शुरू में उसने पिल्लई के लिए काम करना शुरू किया और जल्द ही उसका भरोसेमंद साथी बन गया. वह कुमार पिल्लई गिरोह का हिस्सा था, साथ ही छोटा राजन के गिरोह के लिए भी काम करता रहा. बाद में उसने अपना खुद का गिरोह खड़ा कर लिया.