Maharashtra News: 6 मार्च 2026 को नई दिल्ली के इंडिया इंटरनेशनल सेंटर में आयोजित वाटर ट्रांसवर्सलिटी ग्लोबल अवार्ड्स और कॉन्क्लेव 2026 में महाराष्ट्र सरकार को मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस के नेतृत्व में मुख्यमंत्री परिवर्तनशील एवं सतत् शासन पुरस्कार (CM Transformational & Sustainable Governance Award) से सम्मानित किया गया. यह पुरस्कार लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला द्वारा प्रदान किया गया. मुख्यमंत्री की ओर से यह पुरस्कार महाराष्ट्र सरकार के अतिरिक्त मुख्य सचिव दीपक कपूर ने प्राप्त किया.
यह पुरस्कार महाराष्ट्र के प्रगतिशील शासन मॉडल, परिवर्तनकारी बुनियादी ढांचा पहलों और सतत एवं जलवायु-अनुकूल विकास के प्रति राज्य की प्रतिबद्धता को मान्यता देता है. पिछले एक साल में राज्य ने आर्थिक विकास, जल सुरक्षा, अक्षय ऊर्जा और बड़े पैमाने पर बुनियादी ढांचा पर काम किया, ताकि एक मजबूत और टिकाऊ भविष्य सुनिश्चित किया जा सके.
जल संरक्षण और कृषि में सुधार
महाराष्ट्र की शासन प्रणाली में जल संरक्षण और जलवायु-अनुकूल संसाधन प्रबंधन को मुख्य प्राथमिकता दी गई है. राज्य ने बड़े पैमाने पर वाटरशेड कार्यक्रम और उद्योगों के सहयोग से जलाशयों का पुनर्जीवन किया. इसके परिणामस्वरूप भूजल स्तर में सुधार हुआ और ग्रामीण समुदायों तथा किसानों के लिए पानी की उपलब्धता बढ़ी.
कृषि को मजबूत बनाने और सूखे की स्थिति से निपटने के लिए कई सिंचाई और जल प्रबंधन परियोजनाओं को मंजूरी दी गई. इससे लाखों हेक्टेयर भूमि में सिंचाई संभव हुई और किसानों की फसल की सुरक्षा और उत्पादन बढ़ा.
स्वच्छ ऊर्जा और सतत विकास
राज्य ने सौर और नवीकरणीय ऊर्जा के क्षेत्र में भी महत्वपूर्ण कदम उठाए हैं. इससे बिजली व्यवस्था में हरित ऊर्जा की हिस्सेदारी बढ़ाई जा रही है. इसके अलावा इलेक्ट्रिक मोबिलिटी, ग्रीन हाइड्रोजन और सतत अवसंरचना को बढ़ावा दिया जा रहा है.
परिवहन, लॉजिस्टिक्स और शहरी ढांचे में बड़ी परियोजनाओं से कनेक्टिविटी मजबूत हुई और औद्योगिक विकास को बढ़ावा मिला. एक्सप्रेसवे, लॉजिस्टिक्स कॉरिडोर और नए शहरी विकास परियोजनाओं से महाराष्ट्र निवेश और नवाचार का केंद्र बन रहा है.
तकनीक-संचालित प्रशासन और समावेशी विकास
राज्य की प्रशासन व्यवस्था में टेक्नोलॉजी आधारित प्रशासन और प्रभावी सेवा वितरण पर जोर दिया गया है. इससे पारदर्शिता बढ़ी, परियोजनाओं का क्रियान्वयन तेज हुआ और विभिन्न विभागों के बीच समन्वय बेहतर हुआ.
समावेशी विकास और नागरिक भागीदारी भी महाराष्ट्र के शासन मॉडल का मुख्य हिस्सा है. किसानों, ग्रामीण विकास, रोजगार और उद्यमिता के कार्यक्रमों ने सामाजिक और आर्थिक अवसर बढ़ाए हैं.
सतत और समावेशी विकास का उदाहरण
लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला ने कहा कि विकास और पर्यावरणीय स्थिरता एक-दूसरे के विरोध में नहीं बल्कि साथ-साथ आगे बढ़ने चाहिए. जल, ऊर्जा, स्वास्थ्य और पर्यावरण जैसे क्षेत्र जुड़े हैं. इसलिए विभिन्न विभागों में समन्वय और सतत नीति अपनाना जरूरी है.
यह पुरस्कार महाराष्ट्र के समग्र विकास मॉडल को मान्यता देता है, जिसमें आर्थिक परिवर्तन, पर्यावरण संरक्षण, तकनीकी नवाचार और नागरिक सहभागिता शामिल हैं. अंतरराष्ट्रीय मंच पर मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस का सम्मान राज्य के दूरदर्शी और प्रगतिशील शासन का प्रतीक है.
