महिला आरक्षण बिल लोकसभा से पास नहीं हो सका. इस पर शिवसेना (यूबीटी) की नेता और पूर्व राज्यसभा सांसद प्रियंका चतुर्वेदी ने कहा कि भारत की उन महिलाओं के लिए दुखद दिन है जो संसद या विधानसभा में अपनी जगह बनाने की उम्मीद रखती थीं. शुक्रवार (17 अप्रैल) को महिला आरक्षण बिल को लेकर लोकसभा में हुई वोटिंग ने 528 सांसदों ने भाग लिया. इस बिल को पास कराने के लिए दो तिहाई बहुमत यानी 352 वोट चाहिए थे. इस बिल के पक्ष में 298 वोट ही पड़े. विपक्ष में 230 वोट पड़े और इस तरह से ये लोकसभा से पास नहीं हो सका.
अपने एक और एक्स पोस्ट में प्रियंका चतुर्वेदी ने कहा, "महिलाओं के लिए आरक्षित सीटों के मुद्दे पर मेरा एक स्पष्ट रुख है, जो हमेशा से रहा है और मैं इसे व्यक्त करती रहूंगी. इसे स्वीकार करो."
कांग्रेस और विपक्षी दल महिला विरोधी- रामदास अठावले
वहीं, केंद्रीय मंत्री रामदास अठावले ने कहा, "मुझे लगता है कि कांग्रेस पार्टी और विपक्षी दल महिला आरक्षण विरोधी हैं. ये लोकतंत्र तो बहुत बड़ा नुकसान है. यहां राजनीति करके कांग्रेस और विपक्षी पार्टियों ने महिलाओं को मिलने वाले आरक्षण का विरोध किया. ये बिल फेल करने का काम किया. हम इनका धिक्कार करते हैं. महिलाओं के साथ एनडीए और पीएम नरेंद्र मोदी हैं."
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इनको कीमत चुकानी पड़ेगी- गिरिराज सिंह
केंद्रीय मंत्री गिरिराज सिंह ने कहा, "ये फिर साबित हुआ कि कांग्रेस और इंडी गठबंधन ने जिस ढंग से महिला बिल को जिस तरह से गिराने का काम किया, ये देश की जनता और नारी शक्ति ने देखा. उनके चेहरों को भी देखा है. आने वाले दिनों में इनको कीमत चुकानी पड़ेगी."
ये बीजेपी का इवेंट मैनेजमेंट था, फेल हुआ- इमरान मसूद
कांग्रेस सांसद इमरान मसूद ने कहा, "बीजेपी महिला आरक्षण देना नहीं चाहती, इवेंट करना चाहती है. ये बीजेपी का इवेंट मैनेजमेंट था, वो फेल हो गया. कल से पुतले जलाते मिलेंगे. देना इनको कुछ था नहीं, बातें ही बातें करनी थीं. वही सब हुआ है."
पहली बार सरकार को मिली हार- प्रणिती शिंदे
कांग्रेस सांसद प्रणिती शिंदे ने कहा, "महिला आरक्षण बिल 2023 में पारित हुआ था. लेकिन इन्होंने (सरकार) ने बहुत बड़ा पाप किया और 2024 में महिला आरक्षण लागू नहीं किया. आज जो बिल है वो परिसीमन का गिरा है. पहली बार इस सरकार को हार के सामने जाना पड़ा. इनके चेहरे देखने लायक थे और दो तिहाई बहुमत उन्हें नहीं मिला. हम बार बार मांग कर रहे थे कि महिला आरक्षण और परिसमीन को मत जोड़िए."
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