कॉकरोच जनता पार्टी (CJP) के जंतर-मंतर पर प्रस्तावित विरोध प्रदर्शन को लेकर देशभर में चर्चा जारी है. इस बीच एमएनएस के युवा नेता अमित ठाकरे ने कहा कि राज ठाकरे कॉकरोच जनता पार्टी के संबंध में MNS का रुख स्पष्ट करेंगे. उन्होंने ये भी कहा कि व्यक्तिगत तौर पर, अगर वे विरोध प्रदर्शन करते हैं, तो मुझे खुशी होगी. मेरी राय है कि केंद्रीय मंत्री को इस्तीफा देना चाहिए.
उधर, दिल्ली पुलिस को डिजिटल संगठन ‘कॉकरोच जनता पार्टी’ (सीजेपी) से जंतर-मंतर पर विरोध प्रदर्शन के संबंध में इजाजत के लिए कोई अनुरोध प्राप्त नहीं हुआ है. पुलिस अधिकारी ने बताया, ''जब भी वे अनुमति मांगेंगे, हम उनके अनुरोध की पड़ताल करेंगे.'' पीटीआई के मुताबिक पुलिस ने कहा कि वे स्थिति पर कड़ी नजर रख रहे हैं और कानून व्यवस्था बनाए रखने के लिए जरूरत पड़ने पर संवेदनशील क्षेत्रों में कर्मियों को तैनात करने के लिए तैयार हैं.
INDIA गठबंधन का जिक्र कर संजय राउत का बड़ा बयान, 'जिस तरह से कांग्रेस TVA के साथ सत्ता में...'
दिल्ली के जंतर-मंतर पर 6 जून को सीजेपी का प्रदर्शन
सीजेपी ने परीक्षा संबंधी गड़बड़ियों के मामले में केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे की मांग को लेकर 6 जून को प्रदर्शन का आह्वान किया है. ‘कॉकरोच जनता पार्टी’ के संस्थापक अभिजीत दिपके ने इस महीने की शुरुआत में अपने समर्थकों और विद्यार्थियों से दिल्ली में प्रदर्शन में शामिल होने का आह्वान किया था. दिपके ने अपने समर्थकों से यह भी आग्रह किया था कि वे 6 जून को उनके हवाई अड्डे आने पर वहां पहुंचें. सोशल मीडिया पर युवाओं द्वारा संचालित मुहिम ‘कॉकरोच जनता पार्टी’ अपने गठन के बाद से चर्चा में है और कई सार्वजनिक हस्तियों ने इसे ‘सब्सक्राइब’ किया है.
हाई कोर्ट का याचिका पर सुनवाई से इनकार
दिल्ली हाई कोर्ट ने उस याचिका पर तत्काल सुनवाई से शुक्रवार (05 जून) को इनकार कर दिया जिसमें ‘कॉकरोच जनता पार्टी’ (सीजेपी) के यहां जंतर-मंतर पर प्रस्तावित प्रदर्शन के कारण कानून-व्यवस्था संबंधी चिंताएं पैदा होने की आशंका जताई गई थी. याचिकाकर्ता ने अपनी याचिका में इंदिरा गांधी अंतरराष्ट्रीय (आईजीआई) एयरपोर्ट, मेट्रो स्टेशनों और हाईवे के एंट्री पर तत्काल एहतियाती, नियामक और भीड़ नियंत्रण संबंधी उपाय लागू करने का आग्रह किया है ताकि सार्वजनिक व्यवस्था बनी रहे.
