अमेरिका-इजरायल और ईरान की जंग के कारण ईंधन आपूर्ति में बाधा आ रही है. इसका असर भारत में भी देखने को मिल रहा है. देश के कई हिस्सों में गैस की किल्लत के कारण कालाबाजारी और अवैध इस्तेमाल की खबरें सामने आ रही हैं. महाराष्ट्र के बुलढाणा शहर से भी कुछ ऐसा ही मामला सामने आया है, जहां, घरेलू गैस सिलेंडर से होटलों में खाना बनाने पर प्रशासनिक कार्रवाई की गई है.

घरेलू सिलेंडरों की कमी की शिकायतों के बाद जिला प्रशासन ने सख्त रुख अपनाया है. बुलढाणा के तहसीलदार विठ्ठल कुमरे ने 15 मार्च को शहर के कई होटल और प्रतिष्ठानों पर छापेमारी कर बड़ी कार्रवाई की. इस दौरान कई जगहों पर घरेलू गैस सिलेंडर का व्यावसायिक इस्तेमाल सामने आया.

जिलाधिकारी और उपविभागीय अधिकारी के मार्गदर्शन में तहसीलदार विठ्ठल कुमरे की टीम ने बुलढाणा शहर में अलग-अलग जगहों पर छापे मारे. इस कार्रवाई का मकसद घरेलू गैस सिलेंडर की कृत्रिम किल्लत को रोकना और उसका व्यावसायिक इस्तेमाल बंद कराना था.

40 होटलों पर छापेमारी, सामने आई सच्चाई

छापेमारी के दौरान करीब 40 होटल और प्रतिष्ठानों की जांच की गई. जांच में चौंकाने वाला खुलासा हुआ कि कई जगहों पर घरेलू गैस सिलेंडर का इस्तेमाल खुलेआम व्यावसायिक काम के लिए किया जा रहा था. कार्रवाई के दौरान 11 जगहों पर छापे मारकर कुल 14 घरेलू गैस सिलेंडर जब्त किए गए.

छापेमारी की भनक लगते ही सिलेंडर छिपाने की कोशिश

वहीं कुछ होटल मालिकों ने कार्रवाई की भनक लगते ही सिलेंडर छिपाने की कोशिश भी की. प्रशासन ने ऐसे सभी दोषियों के खिलाफ अब आपराधिक मामला दर्ज करने की प्रक्रिया शुरू कर दी है. तहसीलदार की इस सख्त कार्रवाई से होटल संचालकों में हड़कंप मच गया है.

प्रशासन ने साफ कहा है कि घरेलू गैस का अवैध इस्तेमाल करने वालों को किसी भी हालत में बख्शा नहीं जाएगा. साथ ही नागरिकों से अफवाहों पर ध्यान न देने और शांति बनाए रखने की अपील की गई है.