Maharashtra News: महाराष्ट्र में एक बार फिर मराठी और गैर मराठी का मसला गरमा गया है. मुंबई में मराठी न बोलने वालों पर मारपीट की घटना को लेकर कांग्रेस के वरिष्ठ नेता अभिषेक मनु सिंघवी ने प्रतिक्रिया दी है. उन्होंने कहा कि भाषा को लेकर व्यापारियों पर हमला कोई गर्व की बात नहीं है. उन्होंने ये भी कहा कि हिंदी भाषी लोगों को धमकाना बंद करें.

अभिषेक मनु सिंघवी ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर लिखा, ''छोटे व्यापारियों पर उनकी भाषा को लेकर हमला करना गर्व नहीं बल्कि पूर्वाग्रह है. महाराष्ट्र की आत्मा समावेशी है, इसकी भावना बहुलतावादी है. कोई भी उस विरासत को फिर से नहीं लिख सकता. हिंदी बोलने वालों को धमकाना बंद करो.''

भाषा को लेकर हिंसा की शर्मनाक घटना

दरअसल एक जुलाई मुंबई में भाषा को लेकर हिंसा की बेहद ही शर्मनाक घटना सामने आई थी. मुंबई के मीरा-भायंदर इलाके में एक व्यापारी के साथ मारपीठ की घटना हुई. आरोप महाराष्ट्र नवनिर्माण सेना (मनसे) के तथाकथित कार्यकर्ताओं पर लगा है. आरोप है कि मराठी में बात नहीं करने पर मनसे के कार्यकर्ताओं ने व्यापारी के साथ पहले तीखी बहस की और फिर उसके साथ मारपीट की गई.

व्यापारी के साथ मारपीट की घटना कैमरे में कैद

व्यापारी के साथ मारपीट की ये पूरी घटना सीसीटीवी कैमरे में कैद हो गई और ये सोशल मीडिया पर भी तेजी से वायरल होने लगा. इस वायरल वीडियो को लेकर बताया जा रहा है कि कुछ MNS कार्यकर्ता व्यापारी से जबरदस्ती मराठी में बात करने की मांग कर रहे थे. जब व्यापारी ने इसे लेकर विरोध जताया तो नोंकझोंक होने लगी और फिर हाथापाई भी हुई. कहा जा रहा है कि फिर राज ठाकरे की पार्टी के कार्यकर्ताओं ने उस व्यापारी के साथ बदसलूकी करते हुए उसे पीटा. पुलिस ने इस मामले में केस दर्ज करते हुए दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की बात कही.