झारखंड के पश्चिमी सिंहभूम जिले के नक्सल प्रभावित सारंडा जंगल से शनिवार (21 फरवरी) को एक बड़ी खबर सामने आई. छोटा नागरा थाना क्षेत्र के चडरी डेरा गांव के पास आईईडी विस्फोट में सीआरपीएफ की 209 कोबरा बटालियन के दो जवान घायल हो गए. यह घटना उस वक्त हुई जब जिला पुलिस और सीआरपीएफ की संयुक्त टीम भाकपा माओवादी नक्सलियों के खिलाफ सर्च ऑपरेशन चला रही थी.

सर्च ऑपरेशन के दौरान हुआ धमाका

जानकारी के मुताबिक जंगल में पहले से आईईडी बिछाकर रखी गई थी. जैसे ही सुरक्षाबलों की टीम वहां से गुजरी, धमाका हो गया और दो जवान उसकी चपेट में आ गए. दोनों को गंभीर चोटें आई हैं, जिनमें से एक जवान की हालत ज्यादा नाजुक बताई जा रही है.

घटना के तुरंत बाद बाकी जवानों ने घायलों को सुरक्षित बाहर निकाला. पहले मौके पर ही प्राथमिक इलाज दिया गया, फिर बेहतर इलाज के लिए एयरलिफ्ट कर रांची भेजा गया.

एसपी ने की घटना की पुष्टि

पश्चिमी सिंहभूम के एसपी अमित रेणु ने घटना की पुष्टि करते हुए बताया कि नक्सल विरोधी अभियान के दौरान यह विस्फोट हुआ. उन्होंने कहा कि इलाके में सुरक्षा और बढ़ा दी गई है. सर्च ऑपरेशन को और तेज कर दिया गया है ताकि जिम्मेदार नक्सलियों तक जल्द पहुंचा जा सके.

सुरक्षा एजेंसियों का कहना है कि पिछले कुछ समय से अभियान में उन्हें लगातार कामयाबी मिल रही है. इसी वजह से नक्सली बौखलाए हुए हैं और जगह-जगह आईईडी लगाकर नुकसान पहुंचाने की कोशिश कर रहे हैं.

ग्रामीणों से सावधानी बरतने की अपील

जिला प्रशासन ने आसपास के गांवों के लोगों से अपील की है कि वे बिना जरूरत जंगल के अंदर न जाएं. अगर कोई संदिग्ध वस्तु या गतिविधि दिखे तो तुरंत पुलिस को सूचना दें. सुरक्षाबलों ने साफ किया है कि अभियान जारी रहेगा और क्षेत्र में शांति कायम करने के लिए हर जरूरी कदम उठाए जाएंगे.

बीजापुर में बड़ी साजिश नाकाम

इसी बीच छत्तीसगढ़ के बीजापुर जिले में भी नक्सल विरोधी अभियान के दौरान सुरक्षाबलों को बड़ी सफलता मिली है. केंद्रीय रिजर्व पुलिस बल की 214वीं वाहिनी ने थाना फरसेगढ़ क्षेत्र के ग्राम नीलमड़गु की ओर सर्चिंग और एरिया डॉमिनेशन अभियान चलाया.

16 बीयर बॉटल आईईडी और प्रेशर कुकर बम बरामद

इस दौरान बी/214 वाहिनी और बीडीडी टीम ने डिमाइनिंग करते हुए माओवादियों द्वारा लगाए गए 16 बीयर बॉटल आईईडी और एक 5 किलो का प्रेशर कुकर आईईडी बरामद किया. टीम ने सभी विस्फोटकों को तय सुरक्षा प्रक्रिया के तहत मौके पर ही नष्ट कर दिया.

आगे की तलाशी में जमीन के नीचे प्लास्टिक ड्रम में छिपाकर रखा गया माओवादियों का डंप भी मिला. इसमें रस्सी, वायर, मल्टीमीटर, सोल्डरिंग रॉड, बैटरियां, माओवादी वर्दी, दवाइयां और साहित्य जैसी चीजें शामिल थीं.

अधिकारियों का कहना है कि इस कार्रवाई से माओवादियों की बड़ी साजिश नाकाम हुई है. इलाके में अभियान लगातार जारी रहेगा और सुरक्षा व्यवस्था को और मजबूत किया जाएगा.