कश्मीर घाटी के फल उत्पादकों और हस्तशिल्प निर्यातकों के लिए एक बड़ी और राहत भरी खबर है. उत्तर रेलवे 17 अप्रैल से दिल्ली (आदर्श नगर) और मध्य कश्मीर के बडगाम के बीच एक नियमित पार्सल ट्रेन सेवा शुरू करने जा रहा है. लंबे समय से सड़क परिवहन की अनियमितता और देरी की शिकायत कर रहे व्यापारियों के लिए यह ट्रेन एक तेज़, सुरक्षित और किफायती विकल्प साबित होगी.

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31 मई तक ट्रायल, शानदार रिस्पॉन्स पर होगी परमानेंट

रेलवे के एक वरिष्ठ अधिकारी ने बताया कि इस नई सेवा को 'ज्वाइंट पार्सल प्रोडक्ट-रैपिड कार्गो सर्विस' (JPP-RCS) नाम दिया गया है. फिलहाल इसे 17 अप्रैल से 31 मई तक ट्रायल के तौर पर चलाया जाएगा. अगर इस अवधि में सामान की बुकिंग को लेकर व्यापारियों का अच्छा रिस्पॉन्स मिलता है, तो रेलवे इसे स्थायी (परमानेंट) कर देगा.

ट्रेन का शेड्यूल और रूट

यह पार्सल ट्रेन मात्र 23-24 घंटे में अपना सफर पूरा करेगी. सामान चढ़ाने और उतारने के लिए इस ट्रेन का ठहराव अंबाला कैंटोनमेंट और बारी ब्राह्मणा स्टेशनों पर होगा. व्यापारियों के फीडबैक को ध्यान में रखते हुए बारी ब्राह्मणा स्टेशन पर रुकने के समय में विशेष बदलाव भी किया गया है.

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  • ट्रेन संख्या 00462: बडगाम से सुबह 6:15 बजे रवाना होगी और अगले दिन सुबह 5:00 बजे दिल्ली के आदर्श नगर पहुंचेगी.
  • ट्रेन संख्या 00461: वापसी में यह आदर्श नगर से सुबह 5:00 बजे चलेगी और अगले दिन सुबह 10:45 बजे बडगाम पहुंचेगी.

जम्मू-कश्मीर की अर्थव्यवस्था को मिलेगी रफ्तार

इस ट्रेन में 8 पार्सल वैन और 1 सीटिंग-कम-लगेज (SLR) कोच की सुविधा होगी. वरिष्ठ मंडल वाणिज्य प्रबंधक (Senior DCM) उचित सिंघल ने बताया कि यह फैसला स्थानीय लोगों की लगातार उठ रही मांग को देखते हुए लिया गया है. इस सेवा का मुख्य उद्देश्य जम्मू-कश्मीर की अर्थव्यवस्था को मजबूत करना है. अब घाटी का मशहूर केसर, अखरोट, सेब, पश्मीना शॉल और बेहतरीन हस्तशिल्प उत्पाद बिना किसी देरी के सीधे देश के अलग-अलग बाजारों तक पहुंच सकेंगे.