Himachal Pradesh News: हिमाचल प्रदेश विधानसभा के बजट सत्र के आठवें दिन की कार्यवाही शुरू होने से पहले भारतीय जनता पार्टी (BJP) विधायक दल ने जमकर नारेबाजी की. नेता प्रतिपक्ष जय राम ठाकुर (Jai Ram Thakur) की अध्यक्षता में बीजेपी विधायक दल विधानसभा परिसर में तख्तियां लेकर पहुंचा और सरकार के खिलाफ जमकर नारेबाजी की. इस दौरान भारतीय जनता पार्टी के विधायक 'उद्योग बचाओ' कांग्रेस भगाओ', 'उद्योग बचाओ' रोजगार दिलाओ', 'सुक्खू भाई, सुक्खू भाई, बिचौलियों ने लूट मचाई' के नारे लगाए.

हिमाचल प्रदेश विधानसभा परिसर में विपक्ष ने सरकार की नीतियों को उद्योग विरोधी बताया. विपक्ष ने आरोप लगाए कि सरकार को नीतियों के चलते प्रदेश से उद्योगों का पलायन हो रहा है. इस दौरान नेता प्रतिपक्ष जयराम ठाकुर ने कहा कि आज प्रदेश से उद्योग पलायन कर रहे हैं. उन्होंने कहा कि सरकार की नीतियों के चलते उद्योग हिमाचल प्रदेश से बाहर जा रहे हैं. नेता प्रतिपक्ष ने बीते कल भी सदन के भीतर उद्योगों को लेकर हुई तनातनी का जिक्र भी किया. जयराम ठाकुर ने कहा कि मुख्यमंत्री ने सदन के भीतर उद्योगों के विकास का श्रेय कांग्रेस के विधायक और उनके पिता को दे रहे हैं, जबकि हिमाचल प्रदेश में उद्योगों के विकास का श्रेय पूर्व प्रधानमंत्री अटल बिहारी वाजपेई को जाता है.

CM सुक्खू के दुबई दौरे पर सवालजयराम ठाकुर ने कहा कि पूर्व प्रधानमंत्री अटल बिहारी वाजपेयी के औद्योगिक पैकेज की बदौलत आज BBN एशिया के सबसे बड़े फार्मा हब के तौर पर विकसित हुआ और इसे आगे विकसित करने का काम प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने किया. जयराम ठाकुर ने कहा "सरकार उन्हें श्रेय देने की बजाय अपने लोगों को झूठा श्रेय देने में लगी है. जयराम ठाकुर ने कहा बद्दी और नालागढ़ में जिस तरह से राजनीतिक हस्तक्षेप की चर्चाएं हो रही है, उसका गलत संदेश जा रहा है. उन्होंने कहा मुख्यमंत्री को इस मामले में तुरंत संज्ञान लेना चाहिए." नेता प्रतिपक्ष ने मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुक्खू के दुबई दौरे को लेकर भी सवाल उठाए. उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री और उद्योग मंत्री इन्वेस्टर मीट के लिए दुबई गए, लेकिन इसका कोई ब्यौरा तक सरकार ने नहीं दिया. 

जयराम ठाकुर ने कहा कि सोशल मीडिया पर उनके एक निजी कार्यक्रम में जाने की भी खबरें हैं. उन्होंने कहा कि वह भी दुबई गए थे, लेकिन पूरा दौरा रिकॉर्ड का हिस्सा है. नेता प्रतिपक्ष जयराम ठाकुर ने सरकार के उद्योगों को लेकर रवैये को दुर्भाग्यपूर्ण बताया है. उन्होंने कहा कि अगर सरकार ने अपनी नीतियों में बदलाव नहीं किया तो इसी तरह प्रदेश से उद्योगों का पलायन होता रहेगा. उद्योगों के पलायन से हिमाचल प्रदेश के कई लोगों के रोजगार पर भी संकट पैदा हो जाएगा.

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