हरियाणा सरकार ने लाडो लक्ष्मी योजना में बदलाव किया है जिसे लेकर हरियाणा कैबिनेट ने मंजूरी दी है. कैबिनेट ने तय किया है कि अब लाभ लेने वाली महिलाओं को दो किश्तों में पैसा मिलेगा. हर महीने मिलने वाले 2100 रुपये में से 1100 रुपया सीधा महिलाओं के बचत खाते में जाएगा जबकि 1000 रुपया राज्य सरकार द्वारा ऑपरेटेड रिकरिंग या फिक्स्ड डिपॉजिट में जायेगा. महिलाओं को पहले महीने में पूरा 2100 रुपया मिलेगा जबकि दूसरे महीने से 1000 रुपया सरकार द्वारा चलाए जाने वाले RD या FD अकाउंट में जायेगा.
सरकार के बैंक अकाउंट में कितने समय तक पैसा रहेगा ये सरकार तय करेगी मगर ये पांच साल से ज्यादा नहीं होगा. मैच्योरिटी पर ये पैसा लाभार्थी महिला को ब्याज सहित मिल जाएगा या फिर लाभार्थी की अगर मृत्यु हो जाती है तो उसके डिपेंडेंट को ये पैसा ब्याज सहित मिलेगा.
वित्तीय बोझ कम करने की कोशिश
ये माना जा रहा है कि सरकार ने अपना वित्तीय बोझ कम करने के लिए ये कदम उठाया है क्योंकि बदलाव के बाद बकाया पैसे की अदायगी का अधिकांश बोझ अगली सरकार पर पड़ेगा. अभी फिलहाल सरकार हर महीने लगभग 163 करोड़ रुपये महिलाओं को इस योजना के तहत दे रही है. अभी 7.80 लाख महिलाएं इस योजना के तहत लाभ ले रही हैं. 23 साल उम्र से ऊपर की महिलाओं, जिनके परिवार की मासिक आय एक लाख रुपए से कम उन्हें इस योजना के तहत पैसा मिल रहा है.
इसके अलावा जिन महिलाओं के सरकारी स्कूल में पढ़ने वाले बच्चे 10वीं या 12वीं कक्षा में 80 प्रतिशत से अधिक अंक लाते हैं और उनकी पारिवारिक मासिक आय 1.80 लाख रूपये से कम है या फिर वो महिलाएं जिन्होंने अपने बच्चों को कुपोषण से बाहर निकाला है और पारिवारिक आय 1.80 लाख से कम है उन्हें भी इस योजना के तहत पैसा मिलेगा. हालांकि कुपोषण से बाहर निकलने वाले ग्रुप में तीन से ज्यादा बच्चों वाली महिलाओं को योजना का लाभ नहीं मिलेगा.
चुनावी वादे से कम लाभार्थी
हालांकि हरियाणा विधानसभा चुनाव से पहले जब बीजेपी ने घोषणा पत्र जारी किया था तो सभी महिलाओं को 2100 रुपये प्रति महीने देने का वायदा किया था और आय को शर्त नहीं थी. उस वक्तव्य माना जा रहा था कि राज्य की लगभग 80 लाख महिलाओं को इस योजना के तहत फायदा मिलेगा मगर योजना के लाभ के लिए लगाई गई शर्तों से महिलाओं की संख्या काफी कम हो गई है.
मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी के मुताबिक अभी तक लगभग 10 लाख महिलाओं ने इस योजना के तहत रजिस्टर करवाया है जिसमे से 7.80 लाख को पैसे मिलने शुरू हो गए हैं.