दिल्ली से सटे साइबर सिटी गुरुग्राम के मिलेनियम सिटी सेंटर मेट्रो स्टेशन (Millennium City Centre Metro Station) चौक पर लगने वाले भारी ट्रैफिक जाम से जल्द ही लोगों को राहत मिलने वाली है. गुरुग्राम महानगर विकास प्राधिकरण (GMDA) ने इस भीषण जाम को खत्म करने और यातायात को सुगम बनाने के लिए यहां एक सिक्स-लेन अंडरपास (6-Lane Underpass) तैयार करने का मास्टरप्लान बनाया है.

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इस योजना के धरातल पर उतरते ही आसपास के 10 से अधिक इलाकों का ट्रैफिक संचालन बेहतर हो जाएगा, साथ ही इफको चौक (IFFCO Chowk) से एसपीआर (SPR) की ओर जाने वाले हजारों वाहन चालकों को भी बड़ी राहत मिलेगी.

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क्या है प्रोजेक्ट की रूपरेखा?

  • लंबाई और लेन: यह अंडरपास 1.35 किलोमीटर लंबा होगा. इसमें दोनों ओर आने-जाने वाले वाहनों के लिए तीन-तीन लेन (कुल 6 लेन) होंगी. इसके अलावा, अंडरपास के दोनों तरफ तीन-तीन लेन की सर्विस रोड भी बनाई जाएगी.
  • रूट: यह अंडरपास इफको चौक मेट्रो स्टेशन से आगे फायर ब्रिगेड ऑफिस के सामने से शुरू होकर मिलेनियम सिटी सेंटर मेट्रो स्टेशन के आगे चौक को क्रॉस करते हुए पावर ग्रिड के पास खत्म होगा.
  • बजट और समय: इस पूरे प्रोजेक्ट पर 55 करोड़ 46 लाख रुपये खर्च होने का अनुमान है और इसे पूरा करने के लिए डेढ़ साल (18 महीने) का लक्ष्य रखा गया है.
  • वर्तमान स्थिति: GMDA द्वारा टेंडर जारी कर दिया गया है. अगस्त में टेंडर प्रक्रिया पूरी होने के बाद वर्कऑर्डर जारी किया जाएगा. उम्मीद है कि मॉनसून के बाद इसका निर्माण कार्य शुरू कर दिया जाएगा.

इन सेक्टरों और यात्रियों को होगा सीधा फायदा

मिलेनियम सिटी सेंटर स्टेशन से ही गुरुग्राम की मेट्रो सेवा शुरू होती है. यहां हर दिन 70 से 80 हजार यात्रियों का फुटफॉल है, जबकि चौक से रोजाना 60 हजार से अधिक वाहनों की आवाजाही होती है. अंडरपास बनने से लंबी दूरी के ट्रैफिक और मेट्रो स्टेशन पर आने वाले ट्रैफिक को अलग कर दिया जाएगा. इसका सबसे अधिक फायदा सेक्टर-27, 29, 43 और 44 के निवासियों को मिलेगा.

इको-फ्रेंडली होगा अंडरपास: सोलर पैनल और रेन वाटर हार्वेस्टिंग

इस प्रोजेक्ट के डिजाइन में पर्यावरण संरक्षण का विशेष ध्यान रखा गया है.

  • जलभराव से मुक्ति: कॉरिडोर पर दो 'रेन वॉटर हार्वेस्टिंग सिस्टम' (Rain Water Harvesting) बनाए जाएंगे. इससे न केवल जलभराव की समस्या कम होगी, बल्कि इलाके का अंडरग्राउंड वॉटर लेवल भी सुधरेगा.
  • सौर ऊर्जा का इस्तेमाल: अंडरपास के अंदर बिजली की जरूरत को पूरी करने के लिए सोलर पैनल (Solar Panels) भी लगाए जाएंगे.

ज्ञात हो कि इससे पहले ट्रैफिक व्यवस्था सुधारने के लिए सिग्नेचर टावर से मिलेनियम सिटी सेंटर मेट्रो स्टेशन के दूसरे गेट से कुछ पहले भी एक अंडरपास बनाया जा चुका है. नए अंडरपास के निर्माण से मिलेनियम सिटी सेंटर का पूरा इलाका जाम मुक्त हो सकेगा.

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