गुजरात के सूरत में एक दिल दहला देने वाली घटना सामने आई है. पारिवारिक विवाद की वजह से 31 वर्षीय महिला ने घर में आत्मदाह कर लिया, लेकिन मौके पर मौजूद पति ने उसे बचाने के बजाय घटना का वीडियो रिकॉर्ड कर लिया. पुलिस ने पति रंजीत साहा (33) को क्रूरता और आत्महत्या के लिए उकसाने के आरोप में गिरफ्तार किया है.

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पुलिस ने बताया कि प्रतिमादेवी नामक महिला ने 4 जनवरी को यह आत्मघाती कदम उठाया और 12 जनवरी को इलाज के दौरान उसकी मौत हो गई. पति ने घटना के समय अपनी पत्नी को बचाने के बजाय पूरी घटना को मोबाइल फोन में रिकॉर्ड कर लिया था.

BNS की धारा 85 और 108 के तहत केस दर्ज

पुलिस निरीक्षक एससी गोहिल ने 'पीटीआई-भाषा' को बताया कि इच्छापुर पुलिस थाने में 14 जनवरी को साहा के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता (बीएनएस) की धारा 85 (पति/रिश्तेदार द्वारा क्रूरता) और 108 (आत्महत्या के लिए उकसाना) के तहत मामला दर्ज किया गया. गोहिल ने बताया कि मौत से एक दिन पहले 11 जनवरी को पुलिस को दिए बयान में महिला ने कहा था कि उसने आत्मदाह की कोशिश की थी. हालांकि, महिला के भाई को उसके पति की संलिप्तता का संदेह था और उसने पुलिस को इसकी सूचना दी.

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मोबाइल में मिली वीडियो क्लिप

पुलिस निरीक्षक ने कहा, "मामले की जांच के दौरान हमें साहा के मोबाइल फोन में एक वीडियो क्लिप मिली जिससे जानकारी मिली कि वह अपनी पत्नी को बचाने के बजाय घटना रिकॉर्ड कर रहा था." पुलिस ने बताया कि दंपति मूल रूप से बिहार का रहने वाला है और पति-पत्नी के बीच बच्चों से जुड़े एक मामूली विवाद को लेकर झगड़ा हुआ था जिसके बाद यह घटना घटी. झगड़े के दौरान साहा ने कथित तौर पर अपनी पत्नी से कहा कि वह तेल छिड़क कर खुद को आग लगा ले.

बेगुनाही साबित करने के लिए बनाया वीडियो

पुलिस ने शुरुआती जांच के आधार पर बताया कि पत्नी ने घर में रखा डीजल खुद पर डालकर आत्मदाह कर लिया. पुलिस के मुताबिक साहा ने अपनी बेगुनाही साबित करने और पत्नी की मौत का दोष आने से बचने के लिए पूरी घटना को अपने फोन में रिकॉर्ड कर लिया था.

साहा और प्रतिमादेवी ने घर से भागकर प्रेम विवाह किया था और 2013 में अदालत में अपनी शादी पंजीकृत कराई थी. वे तीन साल पहले अपने दो बेटों और एक बेटी के साथ सूरत में बस गए थे. यह घटना घरेलू हिंसा और महिलाओं के खिलाफ क्रूरता की गंभीर समस्या को उजागर करती है. पति का यह व्यवहार अमानवीय और निंदनीय है.